सीजी भास्कर, 5 अक्टूबर। अयोध्या की रामलीला आज सिर्फ देश की ही नहीं बल्कि पूरी दुनिया की सबसे बड़ी और भव्य धार्मिक प्रस्तुतियों में शामिल हो चुकी है। डिजिटल युग ने इसे एक वैश्विक सांस्कृतिक महोत्सव का रूप दे दिया है। इस वर्ष 50 से अधिक देशों में ऑनलाइन माध्यमों से प्रसारित हुई इस रामलीला को 62 करोड़ रामभक्त (Ayodhya Ramleela Global Viewership) ने देखा। यह आंकड़ा न केवल धार्मिक आयोजनों बल्कि डिजिटल इवेंट्स के लिए भी एक नया रिकॉर्ड माना जा रहा है।
दिल्ली और मुंबई से आए 250 से अधिक फिल्मी कलाकारों ने इस रामलीला को और भी आकर्षक बनाया। थ्री-डी तकनीक, अत्याधुनिक मंच सज्जा और लाइटिंग ने आयोजन को अंतरराष्ट्रीय स्तर की प्रस्तुति का रूप दे दिया। दर्शकों को ऐसा अनुभव हुआ मानो वे स्वंय अयोध्या के मंच पर मौजूद हों। इस बार लाइव प्रसारण (Ayodhya Ramleela Global Viewership) पर ही 10 करोड़ रुपये से अधिक खर्च किया गया ताकि यह आयोजन अधिक से अधिक रामभक्तों तक पहुंच सके।
रामलीला का प्रसारण आराधना टाटा प्ले, शेमारू मी, वीआइ एप, एयरटेल, शेमारू भक्ति यूट्यूब चैनल, फेसबुक पेजों और अन्य डिजिटल प्लेटफार्मों पर हुआ। अकेले शेमारू भक्ति यूट्यूब चैनल पर ही आठ करोड़ से अधिक लोगों ने इसे देखा। इसके अलावा फेसबुक और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर भी करोड़ों दर्शकों ने कार्यक्रम का आनंद लिया।
आयोजकों का कहना है कि इस वर्ष की भव्यता और रिकॉर्डतोड़ ऑनलाइन दर्शक संख्या (Ayodhya Ramleela Global Viewership) ने साबित कर दिया कि अयोध्या की रामलीला अब एक अंतरराष्ट्रीय पहचान बन चुकी है। न केवल भारत में बल्कि पूरी दुनिया में फैले रामभक्तों ने इसे एक आस्था और संस्कृति के पर्व के रूप में स्वीकार किया है।
आगामी वर्षों में इस आयोजन को और बड़े स्तर पर प्रस्तुत करने की योजना है, ताकि यह न केवल धार्मिक बल्कि सांस्कृतिक पर्यटन को भी नई दिशा दे सके। इस ऐतिहासिक आयोजन ने एक बार फिर यह संदेश दिया है कि अयोध्या की रामलीला (Ayodhya Ramleela Global Viewership) अब विश्व सांस्कृतिक धरोहर बन चुकी है।


