Content Creator Case : छत्तीसगढ़ की एक प्रसिद्ध सोशल मीडिया कंटेंट क्रिएटर के खिलाफ डिजिटल प्लेटफॉर्म पर बेहद आपत्तिजनक और आपराधिक साजिश रचने का सनसनीखेज मामला उजागर हुआ है। इंस्टाग्राम के एक ग्रुप चैट में कुछ युवकों ने पीड़िता की तस्वीरें साझा कीं और उसके अपहरण के साथ-साथ सामूहिक दुष्कर्म की योजना बनाई। इस ग्रुप चैट के स्क्रीनशॉट लीक होने के बाद यह मामला पुलिस तक पहुंचा।
नशा मुक्ति ग्रुप की आड़ में चलता था गंदा खेल
हैरानी की बात यह है कि जिस इंस्टाग्राम ग्रुप में यह साजिश रची गई, वह ‘नशा मुक्ति’ के नाम पर संचालित हो रहा था। जांच में पता चला है कि लगभग दो महीने पहले इन युवकों ने पीड़िता के लिए बेहद अभद्र भाषा का प्रयोग किया था और गंभीर अपराध को अंजाम देने की तैयारी की थी। पूरी जानकारी मिलने के बाद पीड़िता ने हिम्मत दिखाते हुए पुलिस में रिपोर्ट दर्ज कराई और वीडियो के जरिए आपबीती सुनाई।
सोशल मीडिया पर फूटा जनता का गुस्सा
जैसे ही इस आपराधिक योजना की बात सार्वजनिक हुई, इंटरनेट यूजर्स में भारी रोष देखा गया। बड़ी संख्या में लोगों ने पीड़िता के समर्थन में पोस्ट और वीडियो शेयर किए। यूजर्स ने इसे डिजिटल स्पेस में महिलाओं की सुरक्षा पर बड़ा हमला बताया और प्रशासन से मांग की कि ऐसे अपराधियों को कड़ी से कड़ी सजा दी जाए ताकि समाज में एक कड़ा संदेश जाए।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई और गिरफ्तारियां
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस प्रशासन तत्काल एक्शन मोड में आ गया। सायबर सेल और स्थानीय पुलिस की संयुक्त कोशिशों से इस मामले में अब तक 5 मुख्य आरोपियों को दबोच लिया गया है। पुलिस के अनुसार, पकड़े गए सभी आरोपी अलग-अलग इलाकों के रहने वाले हैं और उनकी डिजिटल कुंडली खंगाली जा रही है ताकि गिरोह के अन्य सदस्यों का पता लगाया जा सके।
आईटी एक्ट के तहत सख्त कानूनी शिकंजा
गिरफ्तार किए गए पांचों आरोपियों के खिलाफ आईटी एक्ट (IT Act) की विभिन्न धाराओं और भारतीय न्याय संहिता के अंतर्गत गंभीर मामले दर्ज किए गए हैं। पुलिस अब उनके मोबाइल फोन और ग्रुप हिस्ट्री की फोरेंसिक जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि सोशल मीडिया पर महिलाओं के प्रति अपराध करने वालों को किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।


