सीजी भास्कर, 31 जनवरी | Deepak Baij Kavasi Lakhma Jail Visit : प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज शनिवार को जेल पहुंचकर वरिष्ठ आदिवासी नेता कवासी लखमा से मिले। इस दौरान बैज ने लखमा से बातचीत कर उनका हाल-चाल जाना और वर्तमान स्वास्थ्य स्थिति की जानकारी ली।
स्वास्थ्य को लेकर चर्चा
मुलाकात के दौरान दीपक बैज ने कवासी लखमा के स्वास्थ्य को लेकर विशेष तौर पर बात की। उल्लेखनीय है कि कुछ माह पहले कवासी लखमा की आंखों की सर्जरी हुई थी, जिसके बाद से उनकी सेहत को लेकर पार्टी स्तर पर लगातार जानकारी ली जा रही है।
बस्तर की राजनीति में मजबूत पकड़
कवासी लखमा को बस्तर अंचल के सबसे प्रभावशाली आदिवासी नेताओं में गिना जाता है। वे सुकमा जिले की कोंटा विधानसभा सीट से छह बार विधायक रह चुके हैं और क्षेत्रीय राजनीति में उनकी गहरी पकड़ मानी जाती है।
दरभा घाटी हमले से बचने वाले नेताओं में शामिल
साल 2013 के बहुचर्चित दरभा घाटी नक्सली हमले में कवासी लखमा उन नेताओं में शामिल थे, जो गंभीर हालातों के बावजूद जीवित बचे। इस घटना के बाद उनका राजनीतिक और सामाजिक प्रभाव और भी मजबूत हुआ।
कांग्रेस सरकार में मंत्री रहे
2018 में राज्य में कांग्रेस सरकार बनने के बाद कवासी लखमा को आबकारी मंत्री की जिम्मेदारी सौंपी गई थी। 2023 के विधानसभा चुनाव में कांग्रेस के जिन गिने-चुने मंत्रियों ने अपनी सीट बचाई, उनमें उनका नाम भी शामिल रहा।
शराब घोटाले की जांच का संदर्भ
छत्तीसगढ़ के कथित शराब घोटाले की जांच प्रवर्तन निदेशालय द्वारा की जा रही है। इस मामले में एसीबी में दर्ज FIR में हजारों करोड़ रुपये के वित्तीय अनियमितताओं के आरोप दर्ज किए गए हैं।
जांच एजेंसी का दावा
प्रवर्तन निदेशालय के अनुसार, पूर्ववर्ती सरकार के कार्यकाल में अधिकारियों और कारोबारियों के एक कथित नेटवर्क के जरिए शराब कारोबार से जुड़े अनियमित लेन-देन को अंजाम दिया गया। जांच फिलहाल जारी है और मामले के विभिन्न पहलुओं की पड़ताल की जा रही है।




