CG BhaskarCG BhaskarCG Bhaskar
Font ResizerAa
  • ट्रेंडिंग
  • देश-दुनिया
  • राज्य
  • राजनीति
  • खेल
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • अपराध
  • धर्म
  • शिक्षा
  • अन्य
Font ResizerAa
CG BhaskarCG Bhaskar
Search
  • ट्रेंडिंग
  • देश-दुनिया
  • राज्य
  • राजनीति
  • खेल
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • अपराध
  • धर्म
  • शिक्षा
  • अन्य
Follow US
Home » Goods and Services Tax : केंद्र सरकार या राज्य कौन लेता है GST में छूट का फैसला? जानिए GST काउंसिल में फैसले का पूरा सिस्टम

Goods and Services Tax : केंद्र सरकार या राज्य कौन लेता है GST में छूट का फैसला? जानिए GST काउंसिल में फैसले का पूरा सिस्टम

By Newsdesk Admin
03/09/2025
Share
Goods and Services Tax
Goods and Services Tax

सीजी भास्कर, 03 सितंबर। देश में जीएसटी काउंसिल की 56वीं बैठक बुधवार और गुरुवार को हो रही है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 15 अगस्त को लाल किले से वस्तु और सेवा कर (Goods and Services Tax) में सुधार की बात कही थी, ऐसे में इस मीटिंग को लेकर काफी उम्मीदें लगाई जा रही हैं. दो दिन तक चलने वाली इस बैठक में जीएसटी रेट में बदलाव और चार की जगह दो टैक्स स्लैब को लेकर मुहर लगेगी. सरकार टैक्स स्ट्रक्चर को आसान बनाने के लिए प्रयासरत है और इसी वजह से जीएसटी रिफॉर्म (Goods and Services Tax) पर जोर दिया जा रहा है.

काउंसिल में कौन-कौन हैं सदस्य

जीएसटी काउंसिल भारत में वस्तु और सेवा कर (Goods and Services Tax) से संबंधित नीतियों और नियमों को तय करने वाली सर्वोच्च संस्था है. यह एक संवैधानिक बॉडी है, जिसका गठन संविधान के अनुच्छेद 279A के तहत किया गया है. जीएसटी काउंसिल का मकसद केंद्र और राज्यों के बीच टैक्स सिस्टम को लेकर कॉर्डिनेशन बनाना और जीएसटी से संबंधित सभी अहम फैसले लेना है. काउंसिल में फैसले लेने की प्रक्रिया में केंद्र और राज्य सरकारें दोनों शामिल होती हैं. साथ ही परिषद के सदस्यों में केंद्र सरकार के मंत्री और राज्यों के वित्त मंत्री होते हैं.

जीएसटी काउंसिल का अध्यक्ष देश का वित्त मंत्री होता है और इस नाते वर्तमान में केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण इसकी अध्यक्ष हैं. केंद्र सरकार में वित्त राज्य मंत्री या कोई अन्य नामित केंद्रीय मंत्री भी इसके सदस्य होते हैं. हर राज्य और केंद्र शासित प्रदेश के वित्त मंत्री भी इसके सदस्य होते हैं. फिलहाल काउंसिल में कुल 33 सदस्य हैं. इनमें कुल 31 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेश के प्रतिनिधि और दो केंद्र सरकार के प्रतिनिधि शामिल हैं.

कैसे लिए जाते हैं फैसले

काउंसिल में वोटिंग या सर्वसम्मति के साथ फैसले लिए जाते हैं. आमतौर पर वोटिंग की नौबत नहीं आती है और आपस में विचार-विमर्श के बाद फैसले हो जाते हैं. लेकिन कुछ जटिल विषयों पर अगर वोटिंग की जरूरत पड़ती है तो उस प्रक्रिया को भी निर्धारित किया गया है. काउंसिल में किसी फैसले पर मुहर लगाने के लिए तीन-चौथाई बहुमत यानी 75% वोटों की जरूरत होती है.

जीएसटी काउंसिल की मीटिंग के दौरान राज्यों के प्रतिनिधि कुल वोटों के वेटेज में केंद्र सरकार की एक तिहाई यानी 33 फीसदी हिस्सेदारी है. सभी राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों को कुल वोटों में दो तिहाई यानी करीब 66.67% हिस्सेदारी मिली हुई है. मतलब 66.67% को 31 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में बराबर बांटा जाता है. इस तरह, प्रत्येक राज्य का वोट वेटेज करीब 2.15% होता है. उदाहरण के लिए अगर किसी एक प्रस्ताव पर वोटिंग हो रही है और सभी 33 सदस्य वोट डालते हैं, तो केंद्र के पास 33 फीसदी और बाकी 66.67% वोट 31 राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के बीच बट जाते हैं.

वोटिंग में किसका-कितना वेट

जैसा कि तय है कि किसी प्रस्ताव पर मुहर लगने के लिए 75 फीसदी वोटों की जरूरत होती है. इसका मतलब है कि केंद्र (33.33%) को किसी प्रस्ताव को पारित करने के लिए अपने साथ कम से कम 20-21 राज्यों (लगभग 43-45% वोट) का समर्थन चाहिए, क्योंकि 33.33% (केंद्र) + 43-45% (राज्य) = 76-78% (75% से ज्यादा).

जीएसटी काउंसिल की संरचना इस तरह से बनाई गई है कि केंद्र किसी भी प्रस्ताव को अकेले अपने दम पर पारित नहीं करा सकता और उसे ज्यादातर राज्यों की सहमति चाहिए होती है. उसी तरह, अगर केंद्र किसी प्रस्ताव का विरोध करता है, तो राज्यों को 75% वोट हासिल करने के लिए 31 में से करीब 27-28 राज्यों का समर्थन चाहिए, जो काफी मुश्किल हो जाता है.

क्या करती है जीएसटी काउंसिल

यह काउंसिल न सिर्फ टैक्स की दरें तय करती है, बल्कि केंद्र और राज्यों के बीच टैक्स रेवेन्यू का बंटवारा, राज्यों के घाटे की भरपाई, किसी वस्तु पर कितना जीएसटी लगाना है या उसे दायरे से बाहर रखना है, इन सभी मामलों का निपटारा काउंसिल करती है. वस्तु और सेवा कर (Goods and Services Tax) लागू होने के बाद राज्यों और केंद्र के बीच कई बार असहमति भी देखने को मिली है. हालांकि राज्य काउंसिल का फैसला मानने के लिए बाध्यकारी नहीं हैं और वह अपने राज्य में जीएसटी काउंसिल के किसी फैसले को लागू होने से रोक भी सकते हैं.

पश्चिम बंगाल और कर्नाटक जैसे विपक्ष दलों की सरकारों वाले राज्य कई बार काउंसिल से पारित होने के बाद भी किसी फैसले पर सहमत नहीं होते और ऐसे में वह फैसला अपने राज्य में लागू नहीं करते हैं. इसके अलावा कुछ राज्यों का मत है कि केंद्र के पास एक तिहाई वोटों की ताकत इसे राज्यों पर हावी बनाती है. हर राज्य के वोट का वेटेज बराबर होने की वजह से उनका प्रभाव बड़े राज्यों से ज्यादा हो सकता है, जबकि बड़े राज्यों की अर्थव्यवस्था और चुनौतियां छोटे राज्यों से अलग होती हैं, इसे लेकर भी कुछ राज्यों की शिकायतें हैं. बंगाल, महाराष्ट्र, तमिलनाडु जैसे कई बड़े राज्य लगातार जीएसटी की वजह से राजस्व में कटौती का आरोप लगाते रहते हैं.

क्या टैक्स स्लैब में होंगे बदलाव

देश में अलग-अलग करों को खत्म करने के लिए ‘एक देश, एक टैक्स’ के मकसद के साथ एक जुलाई 2017 को जीएसटी लागू किया गया था. इससे पहले अलग-अलग राज्यों में एक ही वस्तु और सेवा पर टैक्स की दरें अलग थीं, जिससे कारोबारियों को काफी परेशानी होती थी. लेकिन जीएसटी ने इन दिक्कतों को दूर किया है और अब एक देशव्यापी टैक्स सिस्टम लागू है. इस सिस्टम के तहत फैसले लेने के लिए जीएसटी काउंसिल बनाई गई, जिसका काम देशभर में एक टैक्स सिस्टम को लागू करना और राज्यों के साथ मिलकर काम करना है.

इस बार जीएसटी काउंसिल की बैठक में टैक्स स्लैब को सरल किया जा सकता है. मौजूदा जीएसटी सिस्टम में 5%, 12%, 18% और 28% के चार स्लैब्स शामिल हैं, जिसे बदलकर 5% और 18% करने का प्रस्ताव है. नए सिस्टम में ज्यादातर सामानों को सिर्फ दो प्रमुख स्लैब्स में ही रखा जाएगा. प्रस्ताव के मुताबिक जरूरी सामान और सेवाओं पर 5% टैक्स और बाकी वस्तुओं को 18% टैक्स स्लैब में शामिल करने की बात कही गई है. हालांकि कुछ राज्य राजस्व में भारी घाटा होने की बात कहकर प्रस्ताव का विरोध कर रहे हैं.

प्रियंका गांधी ने ऐसा किया तो चुप रहीं सोनिया, 2019 में इस सांसद को हिंदी में शपथ लेने पर जमकर लगाई थी डांट
Medical PG Admission Rules : मेडिकल PG एडमिशन में बड़ा बदलाव, पुराना अलॉटमेंट रद्द, नई काउंसलिंग से ही मिलेगी सीट
Pakistan Politics : असीम मुनीर के फैसले से सुलगी पाकिस्तान की राजनीति, इमरान खान की बहन समेत सैकड़ों पर आतंकवाद का शिकंजा
आपकी ED हदें पार कर रही है’, सुप्रीम कोर्ट के चीफ जस्टिस ने सॉलिसिटर जनरल से ऐसा क्यों कहा?
Sunetra Pawar Deputy CM: महाराष्ट्र को मिलेगी पहली महिला उपमुख्यमंत्री
Share This Article
Facebook Whatsapp Whatsapp Telegram

ताजा खबरें

Paternity dispute dna test supreme court : बड़ा फैसला, डीएनए टेस्ट को दी मंजूरी

सीजी भास्कर, 30 मई। महासमुंद जिले के बसना…

Youth Congress Election Bilaspur : यूथ कांग्रेस चुनाव में वोट की कीमत 75 रुपये

सीजी भास्कर, 30 मई। बिलासपुर में शहर और…

Hasaud youth murder case : गुस्साए ग्रामीणों ने आरोपी के घर और वाहन में की तोड़फोड़

सीजी भास्कर, 30 मई। रायपुर से लगे मंदिर…

Absconding with jewellery worth Rs 70 lakh : एक पल में टूटा बरसों का भरोसा

सीजी भास्कर, 30 मई। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले…

Boycott of Good Governance Festival : ग्रामीणों ने जनसमस्याओं के समाधान न होने पर जताया विरोध

सीजी भास्कर, 30 मई। बिल्हा के ग्राम गोढ़ी में…

You Might Also Like

अपराधछत्तीसगढ़ट्रेंडिंगदेश-दुनियाफीचर्ड

CG खबर : जुबैर ने सूरज बन छत्तीसगढ़ की छात्रा को फंसाया प्रेमजाल में, शादी का झांसा देकर रेप, धर्म परिवर्तन का बनाया दबाव, आरोपी के बड़े भाई ने की छेड़खानी, जान से मारने की धमकी

02/02/2025
अजब-गजबदेश-दुनिया

भारत में पाकिस्तानी महिला ने जुड़वां बच्चों को दिया जन्म, बोली– “अब यहीं चाहिए ….

22/07/2025
देश-दुनिया

भारत के प्रहार से थर्राया पाकिस्तान! डिप्टी PM इशाक डार बोले- हम कदम पीछे हटाने को तैयार, अगर…

10/05/2025
देश-दुनियामनोरंजन

Heera Varina Comeback: सलमान के जीजा संग डेब्यू के बाद पछताना पड़ा, अब नए नाम और कपिल शर्मा संग लौट रही पहचान

27/11/2025
छत्तीसगढ़ प्रदेश का एक विश्वसनीय न्यूज पोर्टल है, जिसकी स्थापना देश एवं प्रदेश के प्रमुख विषयों और खबरों को सही तथ्यों के साथ आमजनों तक पहुंचाने के उद्देश्य से की गई है। इसके साथ ही हम महत्वपूर्ण खबरों को अपने पाठकों तक सबसे पहले पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
क्विक लिंक्स
  • ट्रेंडिंग
  • देश-दुनिया
  • राज्य
  • राजनीति
  • खेल
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • अपराध
  • धर्म
  • शिक्षा
  • अन्य

हमारे बारे में

मुख्य संपादक : डी. सोनी

संपर्क नंबर : +91 8839209556

ईमेल आईडी : cgbhaskar28@gmail.com

© Copyright CGbhaskar 2025 | All Rights Reserved | Made in India by MediaFlix
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?