राजधानी रायपुर में अवैध प्लाटिंग पर शिकंजा कसते हुए नगर निगम ने बोरियाखुर्द और डुंडा क्षेत्र में बड़ी कार्रवाई की है। Illegal Colony Action Raipur के अंतर्गत इन क्षेत्रों में विकसित की जा रही अवैध प्लाटिंग को औपचारिक रूप से अवैध कॉलोनी घोषित कर दिया गया है और मौके पर सार्वजनिक चेतावनी बोर्ड लगाए गए हैं।
जोन 10 क्षेत्र में चिन्हित की गई अवैध कॉलोनी
नगर निगम जोन 10 के अंतर्गत आने वाले बोरियाखुर्द और डुंडा इलाके में नगर निवेश विभाग की टीम ने स्थल निरीक्षण के बाद अवैध प्लाटिंग को चिह्नित किया। इसके बाद आम नागरिकों को सतर्क करने के उद्देश्य से जमीन पर स्पष्ट सूचना वाला बोर्ड लगाया गया, ताकि भविष्य में कोई भी व्यक्ति अनजाने में लेन-देन या निर्माण न करे।
अधिकारियों की मौजूदगी में पूरी की गई प्रक्रिया
यह कार्रवाई जोन कमिश्नर विवेकानंद दुबे के मार्गदर्शन में की गई। मौके पर सहायक अभियंता योगेश यदु भी उपस्थित रहे। अधिकारियों ने बताया कि यह कदम जनहित को ध्यान में रखते हुए उठाया गया है, जिससे अवैध कॉलोनियों के विस्तार पर समय रहते रोक लगाई जा सके।
भूमि अधिग्रहण की चेतावनी, जिम्मेदारी व्यक्ति की होगी
नगर निवेश विभाग ने स्पष्ट किया है कि संबंधित भूमि पर आगे चलकर अधिग्रहण की प्रक्रिया की जाएगी। इस दौरान यदि कोई व्यक्ति निर्माण कार्य, अतिरिक्त कब्जा या किसी भी प्रकार का लेन-देन करता है, तो उससे होने वाले सभी नुकसान और कानूनी परिणामों की जिम्मेदारी उसी व्यक्ति की होगी। निगम की ओर से किसी भी प्रकार का दावा मान्य नहीं किया जाएगा।
नागरिकों से सतर्क रहने की अपील
नगर निगम ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे प्लॉट खरीदने या निर्माण से पहले भूमि की वैधता की पूरी जांच करें। Urban Land Regulation Raipur के तहत अवैध कॉलोनियों में निवेश करने वालों को भविष्य में गंभीर परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है।
शहर में अवैध प्लाटिंग पर आगे भी कार्रवाई के संकेत
अधिकारियों के अनुसार यह कार्रवाई एक शुरुआत है। आने वाले समय में अन्य क्षेत्रों में भी अवैध प्लाटिंग और अनधिकृत कॉलोनियों पर इसी तरह की सख्त कार्रवाई की जाएगी, ताकि शहर का नियोजित विकास सुनिश्चित किया जा सके।





