सीजी भास्कर, 10 जनवरी | PM Kisan Farmer ID Alert: छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले में प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना से जुड़े हजारों किसानों के सामने बड़ा संकट खड़ा हो गया है। जिले में योजना के तहत कुल 1,30,367 किसान पंजीकृत हैं, लेकिन इनमें से अब तक केवल 1,03,983 किसानों की ही Farmer ID तैयार हो सकी है। शेष 26,384 किसान अब भी इस अनिवार्य प्रक्रिया से बाहर हैं, जिससे उनकी अगली किस्त पर खतरा मंडरा रहा है।
बिना Farmer ID नहीं मिलेगा लाभ
कृषि विभाग की ओर से साफ कर दिया गया है कि जिन किसानों की Farmer ID समय पर तैयार नहीं होगी, उन्हें प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना की आगामी राशि नहीं दी जाएगी। विभाग ने इसे तकनीकी नहीं, बल्कि अनिवार्य पात्रता शर्त करार दिया है। अधिकारियों का कहना है कि डिजिटल सत्यापन के बिना अब किसी भी किसान को योजना का लाभ नहीं दिया जा सकता।
CSC सेंटर से कराएं तत्काल प्रक्रिया पूरी
जिन किसानों की Farmer ID अभी लंबित है, उन्हें नजदीकी कॉमन सर्विस सेंटर (CSC) जाकर प्रक्रिया पूरी करने की सलाह दी गई है। इसके बाद आवश्यक दस्तावेजों —
आधार कार्ड, बी-1 पर्ची और अन्य रिकॉर्ड — का सत्यापन कराना होगा। संबंधित पटवारी के माध्यम से प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद ही Farmer ID को वैध माना जाएगा।
गांव-गांव जागरूकता अभियान के निर्देश
कृषि विभाग ने मैदानी अमले को निर्देश दिए हैं कि वे गांव स्तर पर सीधे किसानों से संपर्क करें और Farmer ID से वंचित हितग्राहियों को व्यक्तिगत रूप से जागरूक करें। वरिष्ठ कृषि विकास अधिकारियों को यह जिम्मेदारी दी गई है कि कोई भी पात्र किसान सिर्फ जानकारी के अभाव में योजना से बाहर न रह जाए।
समय पर कदम नहीं उठाया तो नुकसान तय
अधिकारियों ने दो टूक कहा है कि यदि शेष किसान तय समयसीमा के भीतर Farmer ID प्रक्रिया पूरी नहीं करते, तो उनकी सम्मान निधि की राशि स्वतः रोक दी जाएगी। ऐसे में किसानों से अपील की गई है कि वे इसे हल्के में न लें और तुरंत आवश्यक कदम उठाएं।


