सीजी भास्कर, 11 जनवरी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुजरात के सोमनाथ में आयोजित ‘सोमनाथ स्वाभिमान पर्व’ के दौरान भव्य शौर्य यात्रा (PM Modi Shourya Yatra) में सहभागिता की। इस अवसर पर प्रधानमंत्री ने लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की प्रतिमा और सोमनाथ मंदिर की रक्षा करते हुए बलिदान देने वाले वीर हमीरजी गोहिल की मूर्ति पर श्रद्धांजलि अर्पित कर देश की वीर परंपरा को नमन किया।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 1299 ईस्वी में ज़फर खान के आक्रमण के दौरान सोमनाथ मंदिर की रक्षा में अपने प्राण न्योछावर करने वाले वीर हमीरजी गोहिल के साहस और बलिदान को स्मरण करते हुए कहा कि भारत की भूमि शौर्य, स्वाभिमान और त्याग की अमर गाथाओं से भरी हुई है। PM Modi Shourya Yatra भारत की उसी गौरवशाली विरासत को नई पीढ़ी तक पहुंचाने का माध्यम है।
इस ऐतिहासिक अवसर पर गुजरात के मुख्यमंत्री भूपेंद्र पटेल और उपमुख्यमंत्री हर्ष सांघवी भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम से पहले उपमुख्यमंत्री हर्ष सांघवी ने आयोजन स्थल पर पहुंचकर शौर्य यात्रा की व्यवस्थाओं का जायजा लिया और सुरक्षा व आयोजन से जुड़ी तैयारियों की समीक्षा की।
शौर्य यात्रा (PM Modi Shourya Yatra) की भव्यता की जानकारी देते हुए डीआईजी राजेंद्रसिंह चुडासमा ने बताया कि प्रधानमंत्री मोदी की उपस्थिति में आयोजित PM Modi Shourya Yatra में गुजरात माउंटेड यूनिट के 108 अश्वों ने हिस्सा लिया। इन अश्वों में काठियावाड़ी और मारवाड़ी नस्ल के घोड़े शामिल थे, जिन्हें इस विशेष आयोजन के लिए करीब आठ महीनों तक विशेष प्रशिक्षण दिया गया था। घुड़सवार दस्ते की अनुशासित प्रस्तुति ने यात्रा को ऐतिहासिक स्वरूप प्रदान किया।

PM Modi Shourya Yatra न केवल एक सांस्कृतिक आयोजन रहा, बल्कि यह भारत की शौर्य परंपरा, राष्ट्रीय स्वाभिमान और ऐतिहासिक चेतना को मजबूत करने वाला संदेश भी बना। कार्यक्रम के दौरान देशभक्ति और गौरव का वातावरण देखने को मिला, जहां जनसमूह ने प्रधानमंत्री के साथ वीरों की गाथाओं को आत्मसात किया।
सोमनाथ स्वाभिमान पर्व के माध्यम से यह संदेश स्पष्ट रूप से सामने आया कि भारत अपने इतिहास, वीरता और सांस्कृतिक मूल्यों को लेकर सदैव जागरूक रहा है और आने वाली पीढ़ियों को भी इसी चेतना से जोड़ना समय की आवश्यकता है।



