सीजी भास्कर, 23 अप्रैल : राजनांदगांव जिले में नक्सल गतिविधियों के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान (Rajnandgaon Maoist Surrender) के बीच एक बड़ी सफलता सामने आई है। बस्तर क्षेत्र में सक्रिय रावघाट एरिया कमेटी की महिला माओवादी उर्मिला उर्फ टेटकी (28) ने मोहला-मानपुर-अंबागढ़ चौकी जिला मुख्यालय पहुंचकर आत्मसमर्पण कर दिया। बताया जा रहा है कि वह लंबे समय से माओवादी संगठन से जुड़ी हुई थी और अब मुख्यधारा में लौटने का फैसला किया है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार, उर्मिला बुधवार शाम पुलिस अधीक्षक कार्यालय पहुंची, जहां उसने आत्मसमर्पण (Rajnandgaon Maoist Surrender) की इच्छा जताई। गुरुवार को वरिष्ठ अधिकारियों की मौजूदगी में उसका विधिवत आत्मसमर्पण कराया जाएगा। यह आत्मसमर्पण नक्सल प्रभावित क्षेत्र में शांति स्थापना की दिशा में एक अहम कदम माना जा रहा है।
जानकारी के मुताबिक, उर्मिला मानपुर ब्लॉक के मुंजाल गांव की रहने वाली है। वह करीब 13 वर्षों तक सशस्त्र माओवादी संगठन के साथ बस्तर के जंगलों में सक्रिय रही। कम उम्र में ही उसे संगठन में शामिल कर लिया गया था, जिसके बाद उसने लंबे समय तक नक्सली गतिविधियों में भूमिका निभाई।
उर्मिला ने पूछताछ के दौरान बताया कि जब वह महज 15 वर्ष की थी, तब डीवीसीएम जंगू उसे अपने साथ बस्तर के कोयलीबेड़ा इलाके में ले गया था, जहां उसे संगठन में शामिल किया गया। इसके बाद उसने माओवादी संगठन के लिए विभिन्न जिम्मेदारियां निभाईं।
उसने यह भी खुलासा किया कि करीब डेढ़ माह पहले उसकी मुलाकात डीवीसीएम हार्डकोर माओवादी चंदर और एसीएम रुपी से कांकेर के जंगल में हुई थी। बाद में एक मुठभेड़ में रुपी मारी गई, जबकि चंदर अब भी अपने साथियों के साथ सक्रिय बताया जा रहा है।
बताया जा रहा है कि उर्मिला कुछ दिनों पहले बिना हथियार के ही जंगल के रास्ते बस्तर से निकलकर मोहला की ओर रवाना हुई थी। कठिन परिस्थितियों में पैदल सफर तय करते हुए वह मानपुर के जंगलों तक पहुंची, जहां से उसके आत्मसमर्पण का रास्ता आसान हुआ। वह अपने गृह जिले में ही आत्मसमर्पण करना चाहती थी, जो अब संभव हो सका।
पुलिस अधिकारियों का मानना है कि उर्मिला का आत्मसमर्पण क्षेत्र में सक्रिय अन्य माओवादियों के लिए भी एक संदेश है कि वे हिंसा का रास्ता छोड़कर समाज की मुख्यधारा से जुड़ें। शासन द्वारा आत्मसमर्पण करने वाले माओवादियों के लिए पुनर्वास और सहायता योजनाएं भी चलाई जा रही हैं, जिससे वे नई जिंदगी की शुरुआत कर सकें।
फिलहाल पुलिस द्वारा उर्मिला से विस्तृत पूछताछ की जा रही है, जिससे संगठन की गतिविधियों और अन्य सक्रिय सदस्यों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिल सके। इस आत्मसमर्पण को सुरक्षा बलों की रणनीति और लगातार दबाव का परिणाम माना जा रहा है।


