भिलाई नगर, 29 अप्रैल। वैशाली नगर विधानसभा क्षेत्र के विधायक रिकेश सेन ने क्षेत्र की जनता को आज एक बड़ी और भावुक सौगात दी है। विधायक ने “माँ का दुलार – माँ शिशु सुरक्षा कवच” योजना का आगाज़ किया है। (MLA’s gift on arrival of ‘Lakshmi’)
आपको बता दें कि इस योजना के तहत 1 मई (मजदूर दिवस एवं बुद्ध पूर्णिमा) के बाद जन्म लेने वाली हर बेटी को विधायक की ओर से एक विशेष ‘गिफ्ट ट्रॉली सूटकेस’ भेंट किया जाएगा, जिसमें नवजात और माँ की जरूरत का हर सामान मौजूद होगा।

बेटी का चाचा बन कर निभाऊंगा फर्ज : MLA’s gift on arrival of ‘Lakshmi’
योजना की घोषणा करते हुए विधायक रिकेश सेन ने कहा कि –
मैं खुद एक गरीब परिवार में जन्मा हूँ और मैंने देखा है कि कैसे संसाधनों के अभाव में माताओं को पुराने गंदे कपड़ों का इस्तेमाल करना पड़ता था। मैं चाहता हूँ कि वैशाली नगर में जन्म लेने वाली हर बेटी को अमीरों जैसी सुख-सुविधा मिले। मैं उस बेटी का चाचा कहलाना पसंद करूँगा।
MLA’s gift on arrival of ‘Lakshmi’ : क्या है इस ‘जादुई सूटकेस’ में?
विधायक द्वारा दी जाने वाली इस ट्रॉली में कुल 25 से अधिक ब्रांडेड सामग्रियां शामिल हैं, जिन्हें विशेष रूप से बाहर से मंगवाया गया है और इस पूरे कीट की कीमत लगभग 11 हजार रूपये है।
शिशु के लिए : 11 पैडेड आधुनिक लंगोट (सोखने की क्षमता वाले), ब्रांडेड सॉफ्ट कंबल, स्वेटर, मोजे, कैप, तौलिया, बेबी किट (लोशन, साबुन, शैम्पू), मालिश तेल, दूध की बोतल, खिलौने और नामकरण के लिए विशेष ड्रेस।
माता के लिए : पौष्टिक आहार हेतु खजूर और खुमानी (ड्राई फ्रूट्स), शॉल, बेडशीट, मोजे, सेनेटरी पैड और नहाने का साबुन।
स्वच्छता का ध्यान : घर के उपयोग के लिए बर्तन धोने का साबुन, कपड़े धोने का साबुन, बेबी वाइप्स और वाटरप्रूफ मैट (चादर गीली होने से बचाने के लिए)।
1 मई से होगी शुरुआत
यह योजना पूर्णतः निशुल्क है और इसका उद्देश्य मध्यम व निम्न आय वर्ग के परिवारों की मदद करना है। विधायक ने स्पष्ट किया कि यह किट केवल दिखावे के लिए नहीं है, बल्कि इसमें इस्तेमाल होने वाला हर सामान उच्च गुणवत्ता (High Quality) का है।
मुख्य बिंदु : MLA’s gift on arrival of ‘Lakshmi’
प्रारंभ तिथि: 1 मई 2026 से।
पात्रता: वैशाली नगर विधानसभा क्षेत्र में जन्म लेने वाली बेटियां।
विशेषता : माँ और बच्चे दोनों की सेहत और स्वच्छता का पूर्ण पैकेज।
वैशाली नगर के निवासियों ने विधायक की इस पहल का स्वागत किया है। लोगों का कहना है कि यह न केवल एक आर्थिक मदद है, बल्कि बेटियों के प्रति समाज के नजरिए को बदलने की एक सकारात्मक कोशिश भी है।


