सीजी भास्कर, 5 मई । भिलाई, रिसाली क्षेत्र में सिम कार्ड के नाम पर चल रहे एक गंभीर फर्जीवाड़े का खुलासा हुआ है। यहां एक B.Tech छात्र के नाम पर सिम कार्ड जारी कर उसे किसी अन्य व्यक्ति को सौंप दिया गया, जिसका इस्तेमाल अवैध आर्थिक लेनदेन में किया जा रहा था। (SIM card scam in Bhilai)
मामले की शिकायत मिलने पर नेवई थाना पुलिस ने केस दर्ज कर जांच शुरू की और कुछ आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
छात्र के नाम से सिम लेकर किया दुरुपयोग : SIM card scam in Bhilai
रिसाली गांव ढोल चौक निवासी आयुष ताम्रकार ने शिकायत में बताया कि 5-6 महीने पहले उसे मैत्री नगर स्थित एक मोबाइल दुकान पर ले जाया गया, जहां उसके नाम से सिम कार्ड जारी कराया गया। इस प्रक्रिया के लिए उससे 200 रुपये लिए गए और सभी औपचारिकताएं पूरी कराई गईं।
सिम नहीं दिया, पैसों का भी हिसाब नहीं
आयुष के अनुसार, सिम कार्ड लेने के बाद उसे वह सिम नहीं दिया गया और न ही पैसे लौटाए गए। बार-बार पूछने पर दुकान संचालक ने बताया कि सिम कार्ड उसके साथियों को दे दिया गया है। मामले में हर्षित साहू, दीपक प्रजापति, ज्ञानेश और एक अन्य आरोपी फैजान कुरैशी के नाम सामने आए हैं।
कमीशन पर बेचे जाते थे सिम कार्ड
पुलिस जांच में खुलासा हुआ कि मुख्य आरोपी द्वारा लोगों के नाम पर सिम कार्ड जारी कर उन्हें अपने पास रखा जाता था, फिर इन्हें अन्य लोगों को अधिक कीमत पर बेच दिया जाता था। इस तरह सिम कार्ड के जरिए एक संगठित नेटवर्क बनाकर अवैध आर्थिक लेनदेन किया जा रहा था। आरोपियों के पास से 3 मोबाइल फोन भी जब्त किए गए हैं, जबकि एक आरोपी फरार है।
40-50 सिम के दुरुपयोग की आशंका
स्थानीय जानकारी के अनुसार, इस गिरोह द्वारा करीब 40 से 50 सिम कार्ड का गलत इस्तेमाल किया जा रहा था। इन सिमों के जरिए पैसों का लेनदेन कर अवैध कमाई की जा रही थी। (SIM card scam in Bhilai)
हर सिम पर कमीशन का खेल
शिकायतकर्ता ने आरोप लगाया है कि इस पूरे नेटवर्क में हर सिम पर 400 से 500 रुपये तक का कमीशन लिया जाता था। प्रारंभिक जांच से संकेत मिलते हैं कि यह एक संगठित गिरोह है, जो लोगों के नाम का दुरुपयोग कर रहा है।
फिलहाल पुलिस पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी है और यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि इस रैकेट में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।


