सीजी भास्कर, 14 मई। भानुप्रतापपुर और दुर्गूकोंदल विकासखंड के जनपद सदस्य एवं सरपंचों ने जिला प्रशासन के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। विकास कार्यों की स्वीकृति नहीं मिलने और बाहरी ठेकेदारों को काम दिए जाने से नाराज जनप्रतिनिधियों ने एसडीएम भानुप्रतापपुर को ज्ञापन सौंपते हुए 10 दिनों के भीतर मांगें पूरी नहीं होने पर पंचायत और जनपद पंचायत कार्यालयों में तालाबंदी की चेतावनी दी है। (District members and sarpanches protest against the administration)
बैठक में जनप्रतिनिधियों ने मांग की कि DMF राशि से माइंस प्रभावित पंचायतों में स्थानीय प्रतिनिधियों को विकास कार्यों की स्वीकृति दी जाए। साथ ही बाहरी ठेकेदारी प्रथा बंद कर CSR राशि ग्राम पंचायतों में खर्च करने की भी मांग उठाई गई।
जनप्रतिनिधियों ने कहा कि जनपद पंचायत की सामान्य सभा से अनुमोदन मिलने के बाद ही निर्माण कार्यों का प्राक्कलन तैयार किया जाए। इसके अलावा गौण खनिज से प्राप्त राशि ग्राम पंचायतों को देने की मांग (District members and sarpanches protest against the administration) भी रखी गई।
जनपद पंचायत अध्यक्ष सुनाराम तेता ने कहा कि स्थानीय पंचायत प्रतिनिधियों को विकास कार्यों में प्राथमिकता मिलनी चाहिए और पंचायतों के अधिकार पंचायतों को ही दिए जाएं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि तय समय में मांगें पूरी नहीं हुईं तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।



