सीजी भास्कर, 15 मई। नया जीमेल अकाउंट बनाने वाले यूजर्स के बीच इन दिनों एक नए बदलाव को लेकर चर्चा तेज (Gmail Storage) हो गई है। कई लोगों को अकाउंट बनाते समय पहले जैसी फ्री स्टोरेज नहीं मिल रही, जिसके बाद सोशल मीडिया और ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर बहस शुरू हो गई है। कुछ यूजर्स इसे सुरक्षा से जोड़कर देख रहे हैं तो कई लोग प्राइवेसी को लेकर सवाल उठा रहे हैं।
तकनीक इस्तेमाल करने वाले लोगों के बीच यह बदलाव तेजी से चर्चा का विषय बना हुआ है। खासकर वे यूजर्स जो बिना मोबाइल नंबर साझा किए ईमेल बनाना पसंद करते हैं, अब नई व्यवस्था को लेकर असमंजस में नजर आ रहे हैं। कंपनी की नई नीति ने सुविधा और प्राइवेसी के बीच नई बहस छेड़ दी है।
अब बिना नंबर जोड़ने कम मिलेगा स्टोरेज : Gmail Storage
Google ने नए जीमेल और गूगल अकाउंट यूजर्स के लिए स्टोरेज नियमों में बदलाव शुरू किया है। अब बिना फोन नंबर वेरिफिकेशन वाले यूजर्स को शुरुआत में केवल 5 जीबी क्लाउड स्टोरेज दिया जा रहा है। पहले नया अकाउंट बनाते ही सीधे 15 जीबी फ्री स्टोरेज मिलती थी। अब मोबाइल नंबर वेरिफाई करने पर अतिरिक्त 10 जीबी जोड़कर कुल 15 जीबी स्टोरेज अनलॉक की जा रही है।
तीनों सेवाओं पर लागू होगा नियम
नई व्यवस्था जीमेल, गूगल ड्राइव और गूगल फोटोज तीनों सेवाओं पर लागू होगी। कुछ क्षेत्रों में यह बदलाव परीक्षण के तौर पर दिखाई दिया है। रिपोर्ट्स के मुताबिक कंपनी ने अपने सपोर्ट पेज पर भी बदलाव करते हुए पहले लिखे जाने वाले 15 जीबी फ्री स्टोरेज की जगह अब अधिकतम 15 जीबी जैसी जानकारी देना शुरू किया है।
फर्जी अकाउंट रोकने की तैयारी
बताया जा रहा है कि कंपनी इस कदम के जरिए फर्जी अकाउंट और मुफ्त स्टोरेज के गलत इस्तेमाल को रोकना चाहती है। कंपनी का मानना है कि कई लोग बार बार नए अकाउंट बनाकर मुफ्त क्लाउड स्टोरेज का इस्तेमाल करते हैं। फोन नंबर वेरिफिकेशन से इस पर नियंत्रण लगाने में मदद मिल सकती है।
प्राइवेसी को लेकर बढ़ी बहस
इस बदलाव के बाद कई यूजर्स ने प्राइवेसी को लेकर चिंता जताई है। कुछ लोगों का कहना है कि केवल ईमेल इस्तेमाल करने के लिए मोबाइल नंबर साझा करना जरूरी नहीं होना चाहिए। हालांकि दूसरी तरफ कुछ यूजर्स इसे सुरक्षा के लिहाज से सही कदम मान रहे हैं। उनका कहना है कि इससे फर्जी और स्पैम अकाउंट कम हो सकते हैं।
पुराने अकाउंट पर अभी असर नहीं
फिलहाल यह बदलाव केवल नए अकाउंट्स पर लागू होता दिखाई दे रहा है। पुराने यूजर्स की स्टोरेज सुविधा में अभी किसी बदलाव की जानकारी सामने नहीं आई है। लेकिन माना जा रहा है कि आने वाले समय में कंपनी इस नीति को और बड़े स्तर पर लागू कर सकती है। ऐसे में नए यूजर्स को अकाउंट बनाते समय पहले से ज्यादा सावधानी रखनी होगी।


