सीजी भास्कर, 30 मई। छत्तीसगढ़ की मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना इस बार राजनीतिक बहस के केंद्र में आ गई है। बेमेतरा से भाजपा विधायक दीपेश साहू 31 मई को आयोजित सामूहिक विवाह कार्यक्रम में शादी करने जा रहे हैं। (Deepesh Sahu mass marriage)
इसे लेकर कांग्रेस ने सरकार और योजना की पात्रता पर सवाल खड़े किए हैं। वहीं भाजपा विधायक ने कहा है कि उनकी होने वाली पत्नी बीपीएल परिवार से हैं और योजना के तहत मिलने वाली राशि मेधावी छात्राओं को दी जाएगी।
कांग्रेस ने योजना के दुरुपयोग का लगाया आरोप : Deepesh Sahu mass marriage
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने विधायक की सामूहिक विवाह में शादी को गरीबों के अधिकारों से जोड़ते हुए सवाल उठाए हैं। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए बनाई गई है, ऐसे में किसी विधायक का इसमें शामिल होना उचित नहीं है। कांग्रेस ने इसे योजना के दायरे और पात्रता से जुड़ा मामला बताया है।
वहीं भाजपा की ओर से इसे व्यक्तिगत निर्णय और सामाजिक संदेश से जुड़ा कदम बताया जा रहा है। भाजपा नेताओं का कहना है कि सामूहिक विवाह को बढ़ावा देने और सादगीपूर्ण आयोजन का संदेश देने के उद्देश्य से विधायक ने यह फैसला लिया है।
दीपेश साहू बोले- लड़की बीपीएल परिवार से है
विधायक दीपेश साहू ने कहा कि मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना में पात्रता वधु के परिवार की आर्थिक स्थिति के आधार पर तय होती है। उन्होंने बताया कि जिनसे वे विवाह करने जा रहे हैं, वे बीपीएल परिवार से हैं, इसलिए योजना के नियमों के तहत यह विवाह पात्र है।
उन्होंने यह भी कहा कि योजना के तहत मिलने वाली आर्थिक सहायता को वे अपने पास नहीं रखेंगे। यह राशि मेधावी छात्राओं की शिक्षा के लिए दान की जाएगी। विधायक ने सामूहिक विवाह को सामाजिक समरसता और सादगी का प्रतीक बताया।
31 मई को होगा सामूहिक विवाह कार्यक्रम :Deepesh Sahu mass marriage
बेमेतरा में आयोजित मुख्यमंत्री कन्या विवाह कार्यक्रम में कुल 24 जोड़े विवाह बंधन में बंधेंगे। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, विधानसभा अध्यक्ष डॉ. रमन सिंह, केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू, उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा और अरुण साव सहित कई मंत्री और जनप्रतिनिधि शामिल होंगे।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने विधायक दीपेश साहू के फैसले की सराहना करते हुए कहा कि यह निर्णय समाज को सादगी और संस्कारित जीवन मूल्यों की प्रेरणा देता है। उन्होंने नवदंपती को शुभकामनाएं भी दीं।
प्रदेश में यह पहला मौका माना जा रहा है जब कोई विधायक मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत आयोजित सामूहिक विवाह कार्यक्रम में शादी करने जा रहा है।




