सीजी भास्कर, 1 जून। भारतीय संगीत जगत की दिग्गज पार्श्व गायिका Suman Kalyanpur का 89 वर्ष की आयु में निधन हो गया। उनके निधन के साथ ही भारतीय संगीत के एक स्वर्णिम अध्याय का अंत हो गया। अपनी मधुर, मखमली और भावपूर्ण आवाज के लिए पहचानी जाने वाली सुमन कल्याणपुर ने दशकों तक संगीत प्रेमियों के दिलों पर राज किया। (Big blow to Indian music industry)
कई भाषाओं में बिखेरा सुरों का जादू : Big blow to Indian music industry
सुमन कल्याणपुर ने हिंदी, मराठी, गुजराती, बंगाली, भोजपुरी समेत कई भारतीय भाषाओं में हजारों गीत गाए। उनकी गायकी में शास्त्रीय संगीत की गहराई और भावनाओं की सहज अभिव्यक्ति झलकती थी। यही वजह रही कि उनके गीत आज भी संगीत प्रेमियों की पसंद बने हुए हैं।
राजनीतिक और सांस्कृतिक जगत ने दी श्रद्धांजलि
उनके निधन की खबर के बाद देशभर में शोक की लहर दौड़ गई। केंद्रीय मंत्री Nitin Gadkari ने इसे भारतीय संगीत जगत की अपूरणीय क्षति बताया। वहीं Eknath Shinde ने कहा कि सुमन कल्याणपुर की आवाज आने वाली पीढ़ियों तक लोगों के दिलों में गूंजती रहेगी। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (एससीपी) के प्रमुख Sharad Pawar ने भी उनके योगदान को याद करते हुए भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की।
लता मंगेशकर से होती थी तुलना, फिर भी बनाई अलग पहचान : Big blow to Indian music industry
संगीत जगत में सुमन कल्याणपुर की आवाज की तुलना अक्सर Lata Mangeshkar से की जाती थी। हालांकि उन्होंने अपनी मेहनत, प्रतिभा और विशिष्ट गायन शैली के दम पर एक अलग मुकाम हासिल किया। उनके गीतों की शुद्धता, भावनात्मक गहराई और मधुरता ने उन्हें संगीत प्रेमियों के बीच विशेष पहचान दिलाई।



