सीजी भास्कर, 05 जून। केंद्रीय माध्यमिक शिक्षा बोर्ड (CBSE) पोर्टल पर हो रहे साइबर अटैक मामले में अब दिल्ली पुलिस की एंट्री हुई है. इस मामले में सीबीएसई ने दिल्ली पुलिस के सामने एक शिकायत दर्ज कराई है. साथ ही बोर्ड ने कहा कि साइबर अटैक को बेअसर किया गया है और किसी भी तरह का डेटा लीक नहीं हुआ है.(CBSE portal cyber attack case)
सीबीएसई के तरफ से ये शिकायत तब दी गई, जब एक तरफ मीडिया रिपोर्ट्स में ये दावा किया जा रहा है सीबीएसई स्टूडेंट्स का डेटा खुले बाजार में बिक रहा है. तो वहीं दूसरी तरफ जेईई एडवांस्ड 2026 के कैंडिडेट्स के डेटा लीक पर जारी घमासान के बीच शुक्रवार को आईआईटी रुड़की ने इसका खंडन किया है, जिसमें आईआईटी रुड़की ने डेटा लीक को अस्वीकार किया है.
आइए, पूरे मामले को विस्तार से समझते हैं. जानते हैं कि सीबीएसई पोर्टल पर हो रहे साइबर अटैक का मामला क्या है. जानते हैं कि इसको लेकर दिल्ली पुलिस में दी गई शिकायत में क्या कहा गया है. इसके साथ ही सीबीएसई, जेईई एडवांस्ड 2026 डेटा लीक पर जारी बवाल पर एक नजर डालेंगे.
सीबीएसई 12वीं री-इवैल्यूएशन पोर्टल पर जारी साइबर अटैक : CBSE portal cyber attack case
सीबीएसई 12वीं री-इवैल्यूएशन पोर्टल को 2 जून को खोला गया है. तब से लेकर अब तक इस पोर्टल को हैक करने की कोशिश की जा रही है. सीबीएसई लगातार कह रहा है कि पोर्टल को हैक करने की कोशिश की जा रही है, जिसके तहत पोर्टल पर साइबर अटैक किए जा रहे हैं. सीबीएसई ने दावा कर चुका है कि पोर्टल पर कई बार लाखों की संख्या में हिट्स भेजे गए, जिससे पोर्टल की स्पीड स्लो हुई. वहीं बोर्ड के मुताबिक, पिछले तीन दिनों से पोर्टल को निशाना बनाकर बड़े स्तर पर समन्वित साइबर हमले किए गए, जिनका उद्देश्य सेवाओं को बाधित करना और अनधिकृत तरीके से जानकारी तक पहुंच बनाने की कोशिश करना था.
दिल्ली पुलिस में दर्ज कराई शिकायत
सीबीएसई ने अपने पोस्ट-रिजल्ट सर्विसेज पोर्टल पर लगातार हो रहे साइबर अटैक को लेकर दिल्ली पुलिस की स्पेशल यूनिट में शिकायत दर्ज कराई है. शिकायत में कहा गया है कि सीबीएसई ने बताया कि यह पोर्टल 2 जून 2026 से शुरू किया गया था, जहां 12वीं के स्टूडेंट्स की कॉपियेां के सत्यापन, वेरिफिकेशन और अन्य पोस्ट-रिजल्ट सेवाओं का उपयोग कर रहे हैं. इसी दौरान देश और विदेश के कई आईपी एड्रेस से बड़ी मात्रा में संदिग्ध ट्रैफिक दर्ज किया गया.
वहीं सीबीएसई ने कहा कि मामले की विस्तृत जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई के लिए दिल्ली पुलिस की इंटेलिजेंस फ्यूजन एंड स्ट्रेटेजिक ऑपरेशंस (IFSO) यूनिट से संपर्क किया गया है.
नहीं हुआ डेटा लीक : CBSE portal cyber attack case
बोर्ड के अनुसार, 24×7 निगरानी और साइबर सुरक्षा विशेषज्ञों की मदद से सभी हमलों को समय रहते रोक दिया गया और किसी भी तरह का डेटा चोरी या सिस्टम से छेड़छाड़ की पुष्टि नहीं हुई. सीबीएसई के अनुसारइन साइबर हमलों से निपटने में IIT कानपुर, IIT मद्रास, Digital India Corporation, I4C, CERT-In और अन्य केंद्रीय एजेंसियों की साइबर सुरक्षा टीमों ने भी सहयोग किया.




