CG BhaskarCG BhaskarCG Bhaskar
Font ResizerAa
  • ट्रेंडिंग
  • देश-दुनिया
  • राज्य
  • राजनीति
  • खेल
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • अपराध
  • धर्म
  • शिक्षा
  • अन्य
Font ResizerAa
CG BhaskarCG Bhaskar
Search
  • ट्रेंडिंग
  • देश-दुनिया
  • राज्य
  • राजनीति
  • खेल
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • अपराध
  • धर्म
  • शिक्षा
  • अन्य
Follow US
Home » शादी में मिली हर चीज को नहीं माना जा सकता स्त्रीधन, महिला की याचिका खारिज…

शादी में मिली हर चीज को नहीं माना जा सकता स्त्रीधन, महिला की याचिका खारिज…

By Newsdesk Admin
22/07/2025
Share

दिल्ली से एक अहम कानूनी फैसला सामने आया है, जिसने ‘स्त्रीधन’ की परिभाषा को लेकर एक नई बहस छेड़ दी है। कड़कड़डूमा कोर्ट ने एक महिला की ओर से दायर की गई याचिका को खारिज करते हुए साफ कहा कि शादी में दी गई हर चीज को स्त्रीधन नहीं माना जा सकता, जब तक उसके पर्याप्त प्रमाण न हों।

Contents
  • क्या है मामला?
  • कोर्ट ने क्यों खारिज की याचिका?
  • बचाव पक्ष ने क्या कहा?
  • क्या कहता है कानून स्त्रीधन को लेकर?
  • इस फैसले का बड़ा मतलब क्या है?

क्या है मामला?

दिल्ली की एक महिला ने कोर्ट में याचिका दाखिल कर दावा किया था कि उसकी शादी 2021 में हुई थी और शादी के समय उसे कार और अन्य उपहार दिए गए थे, जिन्हें वह अब वापस चाहती है। महिला का आरोप था कि शादी के बाद उसे ससुराल में प्रताड़ना झेलनी पड़ी, जिसके चलते वह वहां से अलग हो गई।

कोर्ट ने क्यों खारिज की याचिका?

महिला ने याचिका में कार और अन्य वस्तुओं को ‘स्त्रीधन’ बताते हुए उन्हें वापस दिलाने की मांग की थी। लेकिन अदालत ने पाया कि:

  • महिला ने कोई बिल, दस्तावेज़ या तस्वीरें पेश नहीं कीं जो इन वस्तुओं की उसकी मिल्कियत साबित कर सकें।
  • स्त्रीधन की जो लिस्ट दी गई, वो अप्रमाणित थी – न एफिडेविट, न कोई साक्ष्य।
  • केवल मौखिक बयान और एक विवादित लिस्ट के आधार पर कोर्ट कोई आदेश नहीं दे सकता।

न्यायिक मजिस्ट्रेट सोनिका की अदालत ने स्पष्ट कहा कि, “कानून किसी के दावे पर आंख मूंदकर भरोसा नहीं करता, जब तक कि उसके समर्थन में ठोस सबूत न हों।”

बचाव पक्ष ने क्या कहा?

महिला के पति और ससुराल पक्ष की ओर से कोर्ट में दावा किया गया कि:

  • विवादित कार महिला की बहन को दी गई थी, जिसकी शादी भी उसी दिन हुई थी।
  • स्त्रीधन की लिस्ट झूठी और गढ़ी गई है।
  • यह याचिका ब्लैकमेलिंग और पैसे वसूलने का एक प्रयास है।

कोर्ट ने दोनों पक्षों की दलीलें सुनने के बाद याचिका खारिज कर दी और साफ किया कि केवल आरोप लगाने से कुछ साबित नहीं होता, सबूत ज़रूरी हैं।

क्या कहता है कानून स्त्रीधन को लेकर?

भारतीय कानून के मुताबिक, शादी के समय या बाद में लड़की को जो भी उपहार, संपत्ति या गहने दिए जाते हैं, वो स्त्रीधन कहलाते हैं। लेकिन इसके लिए स्पष्ट सबूत ज़रूरी होता है — जैसे बिल, गवाह, फोटो या एफिडेविट।

इस फैसले का बड़ा मतलब क्या है?

यह मामला उन हजारों दंपतियों के लिए मिसाल बन सकता है, जहां तलाक या विवाद के बाद स्त्रीधन को लेकर झगड़े होते हैं। कोर्ट का यह कहना कि “शादी में दी गई हर चीज स्त्रीधन नहीं होती” यह साफ करता है कि:

झूठे या दुर्भावनापूर्ण केस की कोई जगह नहीं

सिर्फ दावा करने से संपत्ति वापस नहीं मिल सकती

हर दावे के लिए पुख्ता सबूत ज़रूरी है

Woman Ran Away With Relative : जीवन की तीसरी चाल…जब प्यार 60 पार हुआ और इनाम बना तलाश की उम्मीद…                      
सेक्टर-5 में मार्निंग वॉक करने निकले लोगों ने देखा नाला में फंसा था युवक का शव, हत्या की आशंका, जांच में जुटी पुलिस
महाराष्ट्र पुलिस ने बॉर्डर से पकड़े 50 गोवंशी, कत्लखाने ले जाए जा रहे थे..
Police Constable Found Dead : मंत्री राव नरबीर सिंह के आवास पर तैनात कांस्टेबल मृत मिला, सुसाइड एंगल से जांच शुरू
बालकनी में गमले लगाने पर अब हो सकती है कार्रवाई, सख्त निर्देश
Share This Article
Facebook Whatsapp Whatsapp Telegram

ताजा खबरें

Bilaspur SSP Action
Bilaspur SSP Action : SSP का बड़ा एक्शन! TI निलंबित, गिरफ्तारी वारंट मामले में गिरी गाज

सीजी भास्कर, 19 जून :  बिलासपुर पुलिस महकमे…

Kusum Smelters Accident
Kusum Smelters Accident : कुसुम स्मेल्टर्स में फिर बड़ा हादसा: मेंटेनेंस के दौरान गर्म स्पंज आयरन की चपेट में आए 3 मजदूर

सीजी भास्कर, 19 जून : मुंगेली  जिले के…

Commercial Pilot Training Bastar
Commercial Pilot Training Bastar : अब बस्तर के युवा उड़ाएंगे विमान! युवाओं को मिलेगा पायलट बनने का सुनहरा मौका

सीजी भास्कर, 19 जून : बस्तर के युवाओं…

Parmeshwari Dham Temple Theft
Parmeshwari Dham Temple Theft : परमेश्वरी धाम मंदिर में बड़ी चोरी, भगवान के आभूषण और दानपेटी से नकदी ले उड़े चोर

सीजी भास्कर, 19 जून :  महासमुंद जिले के…

Balodabazar Violence Case
Balodabazar Violence Case : बलौदाबाजार हिंसा केस पहुंचा सुप्रीम कोर्ट, छत्तीसगढ़ सरकार को नोटिस

सीजी भास्कर, 19 जून :  बलौदाबाजार हिंसा और…

छत्तीसगढ़ प्रदेश का एक विश्वसनीय न्यूज पोर्टल है, जिसकी स्थापना देश एवं प्रदेश के प्रमुख विषयों और खबरों को सही तथ्यों के साथ आमजनों तक पहुंचाने के उद्देश्य से की गई है। इसके साथ ही हम महत्वपूर्ण खबरों को अपने पाठकों तक सबसे पहले पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
क्विक लिंक्स
  • ट्रेंडिंग
  • देश-दुनिया
  • राज्य
  • राजनीति
  • खेल
  • मनोरंजन
  • स्वास्थ्य
  • अपराध
  • धर्म
  • शिक्षा
  • अन्य

हमारे बारे में

मुख्य संपादक : डी. सोनी

संपर्क नंबर : +91 8839209556

ईमेल आईडी : cgbhaskar28@gmail.com

© Copyright CGbhaskar 2025 | All Rights Reserved | Made in India by MediaFlix
Welcome Back!

Sign in to your account

Username or Email Address
Password

Lost your password?