सीजी भास्कर, 25 अक्टूबर। छत्तीसगढ़ के बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के विकासखंड बलरामपुर के शासकीय प्राथमिक शाला मक्याठी में पदस्थ सहायक शिक्षक ईश्वरी प्रसाद टंडन (Balrampur Teacher Suspension Case) के खिलाफ जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय द्वारा सख्त कार्रवाई की गई है। शिक्षक ने अपने नाम से संचालित फेसबुक अकाउंट पर प्रधानमंत्री, भारत सरकार के विरुद्ध अभद्र और आपत्तिजनक टिप्पणी पोस्ट की थी, जो सरकारी सेवक के आचरण से जुड़ी मर्यादाओं का घोर उल्लंघन है। इस कृत्य को गंभीर अनुशासनहीनता मानते हुए तत्काल प्रभाव से उन्हें निलंबित कर दिया गया है।
जांच में पाया गया कि शिक्षक ईश्वरी प्रसाद टंडन (Balrampur Teacher Suspension Case) द्वारा की गई यह टिप्पणी छत्तीसगढ़ सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा जारी सरकारी सेवकों के सोशल मीडिया उपयोग संबंधी दिशा-निर्देशों का स्पष्ट उल्लंघन है। शासकीय कर्मचारियों को राजनीतिक, सामाजिक या धार्मिक मामलों में अपमानजनक या विवादित पोस्ट करने से बचने के निर्देश पहले ही जारी किए गए हैं। इसके बावजूद शिक्षक द्वारा सार्वजनिक मंच पर अभद्र शब्दों का प्रयोग करना सेवा नियमों के विरुद्ध पाया गया।
श्री टंडन का यह कृत्य छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (आचरण) नियम 1965 के नियम-03 का उल्लंघन माना गया है। इस आधार पर छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (वर्गीकरण, नियंत्रण तथा अपील) नियम 1966 के नियम-9 (1)(क) के तहत जिला शिक्षा अधिकारी मनीराम यादव ने तत्काल प्रभाव से निलंबन आदेश जारी किया। निलंबन अवधि में उनका मुख्यालय कार्यालय विकासखंड शिक्षा अधिकारी कुसमी में निर्धारित किया गया है। उन्हें नियमानुसार जीवन निर्वाह भत्ते की पात्रता दी जाएगी।
शिक्षा विभाग (Balrampur Teacher Suspension Case) ने स्पष्ट किया है कि शासकीय कर्मचारी के रूप में सोशल मीडिया का अनुचित प्रयोग आचरण नियमों का गंभीर उल्लंघन है। किसी भी कर्मचारी द्वारा सार्वजनिक मंच पर उच्च पदस्थ संवैधानिक व्यक्तियों या संस्थानों के खिलाफ अपमानजनक टिप्पणी की जाएगी तो समान कठोर कार्रवाई की जाएगी। विभाग ने सभी शिक्षकों और कर्मचारियों को चेताया है कि वे सोशल मीडिया पर अपनी पोस्ट और विचारों को साझा करने से पहले सरकारी मर्यादाओं का पालन करें, अन्यथा भविष्य में भी ऐसी कार्रवाइयां जारी रहेंगी।





