सीजी भास्कर 16 नवंबर Shahjahanpur Assault Case | विधवा महिला ने सुनाई दर्दनाक दास्तां, बोली—“…मेरी कोई सुनने वाला नहीं”
उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर से एक हैरान कर देने वाला मामला सामने आया है, जिसमें मदनापुर क्षेत्र की एक विधवा महिला ने कुछ स्थानीय दबंगों पर उसे निर्वस्त्र कर गली में घुमाने का गंभीर आरोप लगाया है। महिला ने पुलिस अधीक्षक से मिलने पर पूरी घटना दोहराई और न्याय की मांग की।
पति की मौत के बाद अकेली रह रही थी महिला, बेटा-लड़की के फरार होने पर बढ़ा तनाव
पीड़िता के अनुसार उसके पति का निधन पांच वर्ष पहले हो चुका है। इसी दौरान गांव के ही एक युवक और युवक की बहन (adult elopement) अपनी मर्जी से घर छोड़कर चले गए थे। लड़की पक्ष के लोगों ने इसकी जिम्मेदारी महिला पर डाल दी और लगातार उसे धमकाने लगे।
तनाव बढ़ने पर वह रिश्तेदारों के यहां जाकर रहने लगी।
पुलिस ने दोनो युवाओं को बरामद किया, लेकिन सुरक्षा की मांग पर महिला को अकेला भेज दिया
महिला ने बताया कि थाने में उसने साफ कहा था कि गांव जाकर जरूरी सामान लाना है, लेकिन सुरक्षा चाहिए। इसके बावजूद पुलिस ने उसे अकेले ही भेज दिया। यही वह क्षण था जब दबंगों ने उसके घर पर हमला बोल दिया।
Shahjahanpur Assault Case | घर में घुसकर तोड़फोड़, फिर बाल पकड़कर बाहर खींचा
महिला के बयान के मुताबिक, लड़की पक्ष के पुरुषों और महिलाओं ने उसके घर में घुसकर तोड़फोड़ की, सामान बिखेर दिया और उसे बेरहमी से पीटा।
इसके बाद उसे बाल पकड़कर घर से घसीटते हुए बाहर ले जाया गया। ग्रामीणों ने भी पुष्टि की कि महिलाओं और पुरुषों की भीड़ ने पीड़िता के साथ अत्याचार किया और उसकी बेइज्जती की हदें पार कर दीं।
निर्वस्त्र कर गली में घुमाया, चौराहे तक ले गए—ग्रामीण भी बोले ‘ये सच है’
ग्रामीणों का कहना है कि भीड़ ने महिला को न केवल पीटा, बल्कि उसे निर्वस्त्र कर (public humiliation) पूरे मोहल्ले में घुमाया।
लोग बताते हैं कि लड़का और लड़की दोनों बालिग थे और अपनी इच्छा से गए थे, लेकिन उसका खामियाज़ा बेगुनाह विधवा महिला को भुगतना पड़ा।
पुलिसकर्मी ने ढका गमछे से, तब जाकर रुका हंगामा
घटनास्थल पर पहुंचे एक पुलिसकर्मी ने महिला के ऊपर गमछा डालकर उसे ढका और किसी तरह वहां से बाहर निकाला।
महिला ने बताया कि थाने में उसने पूरी घटना सुनाई, लेकिन कार्रवाई की जगह उस पर ही दबाव बनाया गया।
Shahjahanpur Assault Case | थाना प्रभारी पर दमन का आरोप—“सादे कागज पर जबरन अंगूठा लगवाया”
पीड़िता का कहना है कि मदनापुर थाना प्रभारी ने पूरे मामले को दबाने की कोशिश की।
उसका आरोप है कि उसे थाने बुलाकर सादे कागज पर अंगूठा लगवाया गया और मुकदमा सिर्फ साधारण मारपीट की धाराओं में दर्ज कर दिया गया, जबकि मामला serious sexual violence से जुड़ा है।
एसपी से मिलकर बोली—…“न्याय नहीं मिला तो आत्महत्या कर लूंगी”
लगातार अपमान, भय और पुलिस की उदासीनता से परेशान महिला जिला मुख्यालय पहुंची और पुलिस अधीक्षक से मुलाकात कर पूरी घटना बताई।
उसने चेतावनी दी कि यदि जल्द न्याय नहीं मिला तो वह extreme step उठाने को मजबूर हो जाएगी।





