सीजी भास्कर, 15 दिसंबर। जमीन फर्जीवाड़ा के एक गंभीर मामले में पटवारी समेत दो आरोपियों को गिरफ्तार (Patwari Arrested) किया गया है। मामला बलरामपुर जिले के पस्ता थाना क्षेत्र से जुड़ा हुआ है। शासकीय और निजी भूमि के राजस्व अभिलेखों में हेरफेर कर अवैध रूप से धान बेचने का खुलासा हुआ है।
जांच में सामने आया कि आरोपियों ने 29.008 हेक्टेयर भूमि के राजस्व रिकॉर्ड में कूटरचना की थी। इस पूरे फर्जीवाड़े में हल्का पटवारी अजेंद्र टोप्पो की अहम भूमिका सामने आई है। उसने भुईयां पोर्टल पर दर्ज अभिलेखों में अवैध रूप से परिवर्तन किया।
दूसरे आरोपी वीरेंद्र गुप्ता ने अपने और अपने परिवार के सदस्यों के नाम पर फर्जी प्रविष्टियां दर्ज कराईं। इन प्रविष्टियों के आधार पर धान की बिक्री की गई। वास्तविक भूस्वामियों का नाम रिकॉर्ड में दर्ज नहीं होने के कारण जब धान बिक्री में बाधा आई, तब इस पूरे मामले का खुलासा हुआ।
जांच में यह भी पाया गया कि शासकीय भूमि के रिकॉर्ड में भी इसी तरह का फर्जीवाड़ा किया गया था। आरोपियों (Patwari Arrested) की इस कार्रवाई से शासन को आर्थिक नुकसान पहुंचने की आशंका जताई जा रही है।
पुलिस ने दोनों आरोपियों वीरेंद्र गुप्ता (28) और पटवारी अजेंद्र टोप्पो (46) को गिरफ्तार कर लिया है। उल्लेखनीय है कि विभागीय जांच के बाद पटवारी अजेंद्र टोप्पो को पहले ही निलंबित किया जा चुका था। फिलहाल पुलिस और राजस्व विभाग अन्य संभावित आरोपियों की भूमिका की भी जांच कर रहे हैं। मामले में आगे और गिरफ्तारियां होने की संभावना से इनकार नहीं किया जा रहा है।






