सीजी भास्कर, 26 दिसंबर | सऊदी अरब में कानून का उल्लंघन करने वालों पर सख्ती किसी से छिपी नहीं है। ताजा मामले में पाकिस्तान (Saudi Arabia Drug Trafficking Case) से उमराह अदा करने गईं तीन बुजुर्ग महिलाओं समेत कुल पांच लोगों को सऊदी अदालत ने ड्रग तस्करी के आरोप में 25-25 साल की सजा सुनाई है। यह कार्रवाई उस वक्त हुई जब जेद्दा एयरपोर्ट पर इनके सामान से बड़ी मात्रा में नशीला पदार्थ बरामद किया गया।
उमराह की यात्रा और गिरफ्तारी
जानकारी के अनुसार, पाकिस्तान के पंजाब प्रांत के फैसलाबाद जिले की जरनवाला तहसील के एक गांव से ये पांचों लोग 2024 में उमराह के लिए रवाना हुए थे। इन तीन बुजुर्ग महिलाओं—जियारत बीबी, अनवर बीबी और शमीम बीबी—के साथ उनके करीबी रिश्तेदार नय्यर अब्बास भी शामिल थे। यात्रा के दौरान एक स्थानीय जमींदार सद्दाम हुसैन ने इनके उमराह खर्च और इस्लामाबाद तक पहुंचने की व्यवस्था की थी।
पाकिस्तान से रवाना होने के महज एक हफ्ते के भीतर ही इनके परिवारों को सऊदी अरब में गिरफ्तारी (Saudi Arabia Drug Trafficking Case) की खबर मिली, जिससे सभी स्तब्ध रह गए।
जूतों और गिफ्ट पैक में छिपे ड्रग्स
परिवार के मुताबिक, इस्लामाबाद में ठहराव के दौरान इन लोगों को कुछ जूते, कपड़े और गिफ्ट पैकेट दिए गए थे। बताया गया कि ये गिफ्ट जेद्दा एयरपोर्ट पर किसी परिचित को सौंपने हैं।
जेद्दा पहुंचते ही एयरपोर्ट जांच में इन जूतों और गिफ्ट पैक से करीब 5.5 किलो नशीला पदार्थ (आइस ड्रग) बरामद किया गया। इसके बाद सऊदी सुरक्षा एजेंसियों ने सभी पांचों को हिरासत में ले लिया।
सऊदी अदालत का सख्त फैसला
करीब पांच महीने की कानूनी प्रक्रिया के बाद, 17 फरवरी 2025 को सऊदी अदालत ने ड्रग तस्करी के गंभीर अपराध में सभी पांच आरोपियों को 25 साल की सजा सुनाई। सऊदी अरब में मादक पदार्थों से जुड़े मामलों में कड़े कानून लागू हैं और ऐसे मामलों में उम्र या धार्मिक यात्रा को रियायत नहीं दी जाती।
पाकिस्तान में भी जांच तेज
इस मामले के सामने आने के बाद पाकिस्तान की फेडरल इन्वेस्टिगेशन एजेंसी (FIA) ने जांच शुरू की। जांच में सामने आया कि पूरे नेटवर्क में सद्दाम हुसैन शाह, इसरारुल्लाह और गुल नवाज खान की भूमिका संदिग्ध है।
इसरारुल्लाह को गिरफ्तार किया जा चुका है
सद्दाम हुसैन शाह को बाद में हिरासत में लिया गया
गुल नवाज खान को फरार घोषित किया गया है
मामला फिलहाल फैसलाबाद की विशेष अदालत में विचाराधीन है।
सद्दाम हुसैन का बचाव
आरोपी सद्दाम हुसैन शाह ने लाहौर हाईकोर्ट में जमानत याचिका दाखिल की है। उनके वकील (Saudi Arabia Drug Trafficking Case) का दावा है कि सद्दाम निर्दोष है और उसका ड्रग तस्करी से कोई पुराना रिकॉर्ड नहीं है। याचिका में यह भी कहा गया है कि वह पहले भी कई लोगों को उमराह पर भेज चुका है, जो सुरक्षित लौटे।
कड़ा संदेश
यह मामला न सिर्फ पाकिस्तान बल्कि अन्य देशों के यात्रियों के लिए भी चेतावनी है कि सऊदी अरब में कानून बेहद सख्त हैं। अनजान लोगों के दिए गए सामान को बिना जांच स्वीकार करना भारी पड़ सकता है—चाहे यात्रा धार्मिक ही क्यों न हो। फिलहाल, सऊदी अरब में सजा काट रहे आरोपियों के परिवार न्याय की उम्मीद लगाए बैठे हैं, जबकि पाकिस्तान में इस पूरे नेटवर्क की जांच जारी है।





