बांग्लादेश में अल्पसंख्यक समुदायों के खिलाफ बढ़ती घटनाओं के बीच एक नई राजनीतिक ताकत सामने आई है। Bangladesh Minority Politics के तहत ‘बांग्लादेश माइनॉरिटी जनता पार्टी’ (BMJP) ने आगामी आम चुनाव में उतरने का ऐलान किया है। पार्टी का कहना है कि वह उन तबकों की आवाज बनेगी, जो लंबे समय से राजनीतिक प्रतिनिधित्व की कमी महसूस कर रहे हैं।
BMJP Election Plan के तहत 91 सीटों पर तैयारी
पार्टी नेतृत्व के मुताबिक (BMJP Election Plan) के तहत फरवरी में प्रस्तावित चुनाव के लिए 91 सीटों पर उम्मीदवार उतारने की रणनीति बनाई गई है। फोकस उन इलाकों पर रखा गया है, जहां हिंदू मतदाताओं की हिस्सेदारी 20 से 60 प्रतिशत के बीच है। पार्टी का मानना है कि इन क्षेत्रों में संगठित राजनीतिक विकल्प की कमी रही है।
Minority Rights Agenda को बताया प्राथमिकता
BMJP अध्यक्ष सुकृति कुमार मंडल ने कहा कि पार्टी का मकसद केवल चुनाव लड़ना नहीं, बल्कि (Minority Rights Agenda) को राष्ट्रीय बहस के केंद्र में लाना है। उन्होंने दावा किया कि अल्पसंख्यकों की सुरक्षा, संपत्ति के अधिकार और सामाजिक सम्मान जैसे मुद्दों को अक्सर हाशिये पर रखा गया है।
Alliance Strategy पर खुला रुख
पार्टी ने किसी भी मुख्यधारा की राजनीतिक ताकत के साथ संवाद की संभावना से इनकार नहीं किया है। (Alliance Strategy) के तहत BMJP का कहना है कि वह ऐसे किसी भी राजनीतिक मंच के साथ सहयोग पर विचार करेगी, जो अल्पसंख्यकों के संवैधानिक अधिकारों को समर्थन देने को तैयार हो।
Five Point Charter में क्या है खास
पार्टी के पांच सूत्रीय चार्टर में धर्मनिरपेक्ष शासन व्यवस्था, संघीय ढांचा, प्रांतीय अधिकारों की संवैधानिक गारंटी, पाठ्यक्रम में सुधार और समान नागरिक अधिकारों को शामिल किया गया है। नेतृत्व का दावा है कि यह एजेंडा सिर्फ एक समुदाय नहीं, बल्कि समावेशी समाज की दिशा में कदम है।
जमीन, सुरक्षा और भरोसे की राजनीति
BMJP का कहना है कि उसका उद्देश्य ऐसा माहौल बनाना है, जहां अल्पसंख्यक अपनी जमीन, घर और पहचान को लेकर असुरक्षित महसूस न करें। पार्टी नेतृत्व के अनुसार, मुख्यधारा की राजनीति में सक्रिय भागीदारी के बिना अधिकारों की रक्षा संभव नहीं है।


