सीजी भास्कर, 4 जनवरी। अखिल भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस ने आगामी विधानसभा चुनावों (TS Singh Deo Screening Committee) को ध्यान में रखते हुए संगठनात्मक तैयारियों को तेज कर दिया है। इसी क्रम में पार्टी ने कई राज्यों के लिए स्क्रीनिंग कमेटियों की घोषणा की है। इस फैसले के तहत छत्तीसगढ़ के पूर्व उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव को अहम जिम्मेदारी सौंपी गई है। कांग्रेस नेतृत्व ने उन्हें तमिलनाडु और पुडुचेरी के लिए गठित स्क्रीनिंग कमेटी का चेयरपर्सन नियुक्त किया है। यह फैसला उम्मीदवार चयन की प्रक्रिया को मजबूती देने की रणनीति के तौर पर देखा जा रहा है, जिसमें टीएस सिंहदेव की भूमिका को महत्वपूर्ण माना जा रहा है ।
आगामी विधानसभा चुनाव को लेकर कांग्रेस की तैयारी
वर्ष 2026 में तमिलनाडु, केरल, असम, पुडुचेरी और पश्चिम बंगाल में विधानसभा चुनाव होने हैं। इन राज्यों को लेकर कांग्रेस ने अभी से संगठनात्मक स्तर पर तैयारी शुरू कर दी है। पार्टी का फोकस टिकट वितरण की प्रक्रिया को पारदर्शी और मजबूत बनाने पर है। इसी उद्देश्य से स्क्रीनिंग कमेटियों का गठन किया गया है, ताकि योग्य और जमीनी पकड़ वाले उम्मीदवारों का चयन किया जा सके। इस पूरी कवायद में तमिलनाडु और पुडुचेरी के लिए गठित स्क्रीनिंग कमेटी की जिम्मेदारी (TS Singh Deo Screening Committee) से जोड़ी जा रही है।
टीएस सिंहदेव को सौंपी गई अहम भूमिका
जानकारी के अनुसार स्क्रीनिंग कमेटी का काम चुनाव से पहले टिकट के दावेदारों की विस्तृत समीक्षा करना होता है। इसमें उम्मीदवारों की राजनीतिक पृष्ठभूमि, संगठन में सक्रियता, क्षेत्रीय संतुलन और जीत की संभावनाओं का आकलन किया जाता है। इसके बाद समिति पार्टी नेतृत्व को नाम सुझाती है। कांग्रेस ने इस अहम और संवेदनशील जिम्मेदारी के लिए टीएस सिंहदेव पर भरोसा जताया है। उनके प्रशासनिक अनुभव और संतुलित निर्णय क्षमता को देखते हुए इस भूमिका को (TS Singh Deo Screening Committee) के लिए प्रभावी माना जा रहा है।
प्रियंका गांधी को असम की जिम्मेदारी
कांग्रेस द्वारा जारी सूची में पार्टी महासचिव और वायनाड सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा को भी बड़ी जिम्मेदारी दी गई है। उन्हें असम के लिए गठित स्क्रीनिंग कमेटी का चेयरपर्सन नियुक्त किया गया है। इसकी आधिकारिक जानकारी कांग्रेस के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर साझा की। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने इस नियुक्ति को मंजूरी दी है। इन नियुक्तियों से स्पष्ट है कि कांग्रेस वरिष्ठ नेताओं के अनुभव का उपयोग चुनावी तैयारी में करना चाहती है।
वरिष्ठ नेताओं पर कांग्रेस का भरोसा
कांग्रेस का मानना है कि अनुभवी नेताओं की अगुआई में बनी स्क्रीनिंग कमेटियां पार्टी को मजबूत और स्वीकार्य उम्मीदवार चयन में मदद करेंगी। खासतौर पर तमिलनाडु और पुडुचेरी जैसे राज्यों में, जहां क्षेत्रीय राजनीति और सामाजिक समीकरण अहम भूमिका निभाते हैं, वहां उम्मीदवार चयन की प्रक्रिया को संतुलित रखना जरूरी है। ऐसे में इस जिम्मेदारी को निभाने में टीएस सिंहदेव की भूमिका को (TS Singh Deo Screening Committee) के संदर्भ में अहम माना जा रहा है। पार्टी नेतृत्व का फोकस आगामी विधानसभा चुनावों में संगठन को मजबूत करने और बेहतर रणनीति के साथ मैदान में उतरने पर है, जिसमें यह जिम्मेदारी निर्णायक साबित हो सकती है।






