सीजी भास्कर 27 फ़रवरी India Points Table Update : चेन्नई के एमए चिदंबरम स्टेडियम में जिम्बाब्वे पर मिली शानदार जीत के बाद भी भारतीय फैंस को राहत की सांस नहीं मिली। वजह साफ है — जीत के बावजूद टीम इंडिया पॉइंट्स टेबल में आगे नहीं बढ़ सकी। सुपर-8 का यह मुकाबला भले ही स्कोरबोर्ड पर एक बड़ी जीत के तौर पर दर्ज हुआ हो, लेकिन टूर्नामेंट के गणित में टीम इंडिया की राह अब भी आसान नहीं हुई है।
यह मुकाबला (Super 8 Points Table) की जंग को और दिलचस्प बना गया है, जहां हर रन अब सेमीफाइनल का रास्ता तय करेगा।
ग्रुप-1 में नंबर नहीं बदला, रन रेट बना दीवार
भारत की जीत के बाद भी ग्रुप-1 की तस्वीर में बड़ा बदलाव नहीं आया। साउथ अफ्रीका पहले ही सेमीफाइनल का टिकट पक्का कर चुका है और उसका नेट रन रेट बाकी टीमों से कहीं ज्यादा मजबूत बना हुआ है।
वेस्टइंडीज दूसरे पायदान पर कायम है, जबकि भारत तीसरे नंबर पर अटका हुआ है। इसका कारण सिर्फ एक है — नेट रन रेट। जीत के बावजूद भारत का रन रेट अब भी निगेटिव बना हुआ है, जो आने वाले मुकाबले को “करो या मरो” बना देता है।
यह स्थिति (Net Run Rate Battle) को और ज्यादा टेंशन भरा बना रही है।
भारत बनाम वेस्टइंडीज, सेमीफाइनल का फाइनल मुकाबला
अब सुपर-8 का सबसे अहम मैच भारत और वेस्टइंडीज के बीच खेला जाएगा। इस मुकाबले में जीतने वाली टीम सीधे सेमीफाइनल में जगह बना लेगी।
यह सिर्फ एक मैच नहीं, बल्कि पूरे टूर्नामेंट की दिशा तय करने वाला संघर्ष होगा। भारत को अब सिर्फ जीत ही नहीं, बल्कि अच्छा मार्जिन भी चाहिए ताकि नेट रन रेट की गणित में पीछे न रह जाए।
यही वजह है कि यह मुकाबला (Semifinal Qualification Scenario) के लिहाज से बेहद निर्णायक माना जा रहा है।
ग्रुप-2 में इंग्लैंड की बादशाहत, बाकी टीमें उलझन में
दूसरे ग्रुप में इंग्लैंड ने अपनी लगातार जीत से सेमीफाइनल का रास्ता साफ कर लिया है। वहीं, न्यूजीलैंड की स्थिति थोड़ी नाजुक बनी हुई है। उसका अगला मुकाबला इंग्लैंड से है, और हार की सूरत में पाकिस्तान की उम्मीदों को नई जान मिल सकती है।
पाकिस्तान के लिए अब हर गेंद अहम है, क्योंकि एक जीत उन्हें नेट रन रेट की जंग में खड़ा कर सकती है। श्रीलंका पहले ही टूर्नामेंट से बाहर हो चुका है और अब सिर्फ सम्मान के लिए खेलेगा।
यह पूरा ग्रुप (Super 8 Group 2 Update) अब आखिरी मुकाबलों पर टिक गया है।
जीत काफी नहीं, अब मार्जिन भी मायने रखेगा
सुपर-8 स्टेज में यह साफ हो चुका है कि सिर्फ मैच जीतना ही काफी नहीं है। टीमों को अब बड़े अंतर से जीत दर्ज करनी होगी। भारत के लिए यह चेतावनी की घंटी है कि अगला मुकाबला सिर्फ रणनीति का नहीं, बल्कि आक्रामक अप्रोच का भी होगा।
हर ओवर, हर बाउंड्री और हर विकेट अब (India Semifinal Race) को सीधा प्रभावित करेगा।






