सीजी भास्कर 1 अप्रैल (Fake Marriage Bureau Scam) का एक बड़ा मामला छत्तीसगढ़ के राजनांदगांव से सामने आया है, जहां एक साधारण सी दिखने वाली शिकायत ने बड़े ठगी रैकेट का खुलासा कर दिया। पुलिस को मिली गुमनाम सूचना के बाद जब जांच शुरू हुई, तो सामने आया कि रिश्तों के नाम पर सुनियोजित तरीके से लोगों को निशाना बनाया जा रहा था।
सोशल मीडिया से फोटो चोरी, Online Profile Fraud का खेल
(Online Profile Fraud) के तहत आरोपियों ने इंटरनेट और सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म से युवतियों की तस्वीरें डाउनलोड कर फर्जी प्रोफाइल तैयार कीं। इन प्रोफाइल्स को व्हाट्सएप के जरिए युवकों को भेजा जाता था, जिससे उन्हें भरोसा हो कि रिश्ता असली है। जांच में 2286 लड़कियों की तस्वीरें मोबाइल से बरामद होना इस गिरोह की गंभीरता को दिखाता है।
रिश्ते के नाम पर ठगी, Marriage Scam India में नया तरीका
(Marriage Scam India) के इस मामले में आरोपियों ने शादी और मीटिंग फिक्स कराने के नाम पर 30 से 40 हजार रुपये तक वसूले। रजिस्ट्रेशन, पैकेज और फैमिली मीटिंग जैसे बहानों से पैसे लिए जाते थे। पिछले एक साल में करीब 37 लाख 69 हजार रुपये का लेन-देन सामने आया है, जिससे ठगी के इस नेटवर्क की पहुंच का अंदाजा लगाया जा सकता है।
पुलिस की कार्रवाई, Cyber Crime Action में दो गिरफ्तार
(Cyber Crime Action) के तहत पुलिस ने छापेमारी कर मामले का खुलासा किया और दो आरोपियों को गिरफ्तार किया। इस कार्रवाई में कई मोबाइल फोन और रजिस्टर जब्त किए गए, जिनमें ठगी से जुड़े अहम सबूत मिले। फिलहाल पुलिस अन्य संदिग्धों की तलाश में जुटी है और नेटवर्क के बाकी लिंक खंगाले जा रहे हैं।
रिश्तों के नाम पर धोखा, सावधानी ही बचाव
इस पूरे मामले ने एक बार फिर यह साफ कर दिया है कि ऑनलाइन रिश्तों के मामलों में सतर्कता बेहद जरूरी है। पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि किसी भी मैरिज ब्यूरो या व्हाट्सएप के जरिए आए प्रस्ताव पर बिना सत्यापन के भरोसा न करें और किसी भी तरह का भुगतान करने से पहले पूरी जांच-पड़ताल जरूर करें।
गिरफ्तार आरोपी
नेहा पाठक, पिता शंकरनाथ पाठक, लेबर कॉलोनी, वार्ड नं. 17, थाना सिटी कोतवाली, राजनांदगांव।
धर्मेन्द्र मानिकपुरी, पिता स्व. कमल दास, ग्राम जंगलपुर, कबीरधाम, हाल मुकाम – रिद्धि-सिद्धि कॉलोनी, थाना बसंतपुर।


