सीजी भास्कर, 3 अप्रैल। छत्तीसगढ़ के बिलासपुर एयरपोर्ट पर हवाई सेवाओं के विस्तार को लेकर एक अहम कदम उठाया (Bilaspur Airport Night Service) गया है। अब यहां से रात के समय भी उड़ान संचालन शुरू करने की तैयारी चल रही है। तकनीकी मंजूरी मिलते ही यात्रियों को दिन के साथ-साथ शाम और रात में भी उड़ान का विकल्प मिल सकता है। संभावना जताई जा रही है कि प्रक्रिया पूरी होने पर 15 अप्रैल के बाद जारी होने वाले नए शेड्यूल में यह सुविधा शामिल कर ली जाएगी।
वर्तमान में बिलासपुर एयरपोर्ट से उड़ानें सीमित समय में संचालित होती हैं, जिससे यात्रियों को समय के विकल्प कम मिलते हैं। नाइट ऑपरेशन शुरू होने के बाद यह स्थिति बदल सकती है और यात्रियों को अपनी सुविधा के अनुसार यात्रा की योजना बनाने का अवसर मिलेगा।
रनवे मानकों के अनुरूप संशोधन प्रस्ताव (Bilaspur Airport Night Service)
रात्रिकालीन उड़ान शुरू करने के लिए विमानन कंपनी ने रनवे उपयोग से जुड़े तकनीकी प्रावधानों में बदलाव का प्रस्ताव तैयार किया है। इस प्रस्ताव को नागरिक उड्डयन महानिदेशालय को भेजा गया है। संशोधित प्रस्ताव में रनवे की उपलब्ध लंबाई के अनुसार विमानों के संचालन की नई व्यवस्था शामिल की गई है।
रनवे के अंतिम हिस्से को सुरक्षा क्षेत्र घोषित किए जाने के बाद अब उपयोग योग्य लंबाई 1440 मीटर रह गई है। इसी को ध्यान में रखते हुए एटीआर-72 जैसे विमानों की सुरक्षित लैंडिंग और टेकऑफ के लिए नया प्रोसीजर तैयार किया गया है। मंजूरी मिलने पर इसी आधार पर रात के समय उड़ान संचालन संभव होगा।
यात्रियों को मिलेगा समय का नया विकल्प
यदि प्रस्ताव को स्वीकृति मिलती है, तो यात्रियों के लिए यह बड़ा बदलाव साबित (Bilaspur Airport Night Service) होगा। अभी जहां दिन में सीमित उड़ानों के कारण कई लोगों को असुविधा होती है, वहीं नाइट फ्लाइट शुरू होने के बाद दिल्ली और प्रयागराज जैसे गंतव्यों के लिए देर शाम या रात में यात्रा करना संभव होगा।
यह सुविधा विशेष रूप से उन यात्रियों के लिए उपयोगी होगी, जो कामकाज के चलते दिन में यात्रा नहीं कर पाते। इससे व्यापारिक गतिविधियों और व्यक्तिगत यात्रा दोनों में सुविधा बढ़ेगी।
गर्मी में संचालन की समस्या का समाधान
बिलासपुर एयरपोर्ट पर गर्मी के मौसम में एक बड़ी चुनौती उच्च तापमान की रहती है। अधिक तापमान के कारण विमान को पूरी क्षमता के साथ उड़ान भरने में दिक्कत आती है, जिससे यात्रियों की संख्या सीमित करनी पड़ती है। इसका असर किराए और सीट उपलब्धता दोनों पर पड़ता है।
रात्रिकालीन उड़ानों के शुरू होने से इस समस्या का काफी हद तक समाधान हो सकता है। रात के समय तापमान कम रहने से विमान अधिक क्षमता के साथ संचालित हो पाएंगे, जिससे यात्रियों को बेहतर सुविधा मिल सकेगी।
क्षेत्रीय विकास को मिलेगा नया आधार
रात में उड़ान सुविधा शुरू होने से बिलासपुर की कनेक्टिविटी में उल्लेखनीय सुधार होने की संभावना है। इससे न केवल यात्रियों को लाभ मिलेगा, बल्कि व्यापार, शिक्षा और स्वास्थ्य सेवाओं से जुड़े लोगों को भी बेहतर आवागमन का विकल्प मिलेगा।
यह कदम क्षेत्रीय हवाई नेटवर्क को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना (Bilaspur Airport Night Service) जा रहा है। आने वाले समय में यदि नियमित रूप से नाइट फ्लाइट संचालित होती हैं, तो बिलासपुर एयरपोर्ट की उपयोगिता और बढ़ेगी और यह क्षेत्र के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है।
फिलहाल अंतिम निर्णय नागरिक उड्डयन महानिदेशालय की मंजूरी पर निर्भर है। अनुमति मिलते ही बिलासपुर एयरपोर्ट से उड़ानों का समय और दायरा दोनों बढ़ जाएंगे, जिससे यात्रियों को अधिक विकल्प और सुविधा प्राप्त होगी।


