Raigarh Crime News : रायगढ़ की शिव शक्ति स्टील प्लांट में वित्तीय धोखाधड़ी का एक बड़ा मामला सुलझ गया है। चक्रधर नगर पुलिस ने कंपनी के साथ 11 लाख 35 हजार 861 रुपए का गबन कर फरार हुए ऑटोमोबाइल एग्जीक्यूटिव मनीष कुमार शर्मा को मध्य प्रदेश के सिंगरौली से गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी ने कंपनी के विश्वास का फायदा उठाते हुए बड़ी चतुराई से इस पूरी साजिश को अंजाम दिया था।
ऐसे किया 11 लाख का ‘खेल’
जांच में यह बात सामने आई है कि मनीष कुमार शर्मा को कंपनी के वाहनों के संचालन, देखरेख और किराया वसूली की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई थी। अप्रैल से जून 2025 के बीच उसने योजनाबद्ध तरीके से गबन किया:
- भ्रामक जानकारी: आरोपी ने ट्रांसपोर्टरों को गुमराह किया और कंपनी के ही वाहनों को अन्य लोगों के वाहन बताकर चलवाया।
- फर्जी दस्तावेज: उसने फर्जी बिल्टी तैयार की और ट्रांसपोर्टरों से किराया वसूल कर उसे कंपनी के खाते में जमा करने के बजाय खुद रख लिया।
- शातिर तरीका: लेनदेन को इस तरह घुमाया गया कि शुरुआत में ऑडिट के दौरान भी गड़बड़ी पकड़ में नहीं आई।
लोकेशन बदलकर देता रहा चकमा
गबन का खुलासा होने और एफआईआर दर्ज होने के बाद आरोपी मनीष फरार हो गया था। पुलिस की गिरफ्त से बचने के लिए वह लगातार अपने ठिकाने बदल रहा था। रायगढ़ पुलिस की साइबर सेल और तकनीकी टीम लगातार उसका पीछा कर रही थी। अंततः उसकी लोकेशन सिंगरौली (मप्र) में ट्रेस हुई।
पुलिस की कार्रवाई
थाना प्रभारी राकेश मिश्रा के नेतृत्व में एक विशेष टीम को तत्काल सिंगरौली रवाना किया गया। पुलिस टीम ने वहां घेराबंदी कर आरोपी को धर दबोचा और ट्रांजिट रिमांड पर रायगढ़ लेकर आई। पूछताछ में आरोपी ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है। पुलिस अब इस मामले में अन्य संभावित सहयोगियों और गबन की गई राशि की रिकवरी के संबंध में जांच कर रही है।


