सीजी भास्कर, 20 सितंबर। छत्तीसगढ़ में शनिवार सुबह पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम देते हुए (Cash Seizure in Bhilai) 6 करोड़ 60 लाख रुपये नकद बरामद किए। यह कार्रवाई दुर्ग के कुम्हारी पुलिस ने वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक विजय अग्रवाल के निर्देश पर की। पुलिस ने मौके से चार संदिग्ध व्यक्तियों को हिरासत में लिया है और पूरी रकम की जानकारी आयकर विभाग को अग्रिम जांच हेतु सौंप दी गई है। स्थानीय स्तर पर इतनी बड़ी नकदी की बरामदगी को अब तक की सबसे बड़ी कार्रवाई माना जा रहा है।
मुखबिर की सूचना पर हुई कार्रवाई
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि उन्हें लगातार सूचना मिल रही थी कि महाराष्ट्र पासिंग स्कार्पियो वाहनों में भारी मात्रा में नकदी ले जाई जा रही है। मुखबिर से मिली पुख्ता जानकारी के बाद एसएसपी विजय अग्रवाल ने कुम्हारी थाना पुलिस को अलर्ट किया। इसके बाद थाना प्रभारी और उनकी टीम ने कुम्हारी टोल प्लाजा के पास वाहनों को रोककर तलाशी ली। तलाशी के दौरान स्कार्पियो में रखे बैग और डिब्बों से करोड़ों रुपये नकद बरामद हुए। यह रकम इतनी अधिक थी कि पुलिसकर्मियों को नोट गिनने के लिए मशीनों की सहायता लेनी पड़ी।
पुलिस और आयकर विभाग की संयुक्त जांच
बरामदगी के तुरंत बाद पुलिस ने पूरी जानकारी आयकर विभाग को दी। फिलहाल (Cash Seizure in Bhilai) पुलिस और आयकर विभाग की संयुक्त टीम इस मामले की गहराई से जांच कर रही है। अभी तक यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि इतनी बड़ी नकदी किसकी है और इसे कहां ले जाया जा रहा था। हिरासत में लिए गए चारों संदिग्धों से पूछताछ जारी है, लेकिन उन्होंने रकम के स्रोत और उद्देश्य को लेकर कोई संतोषजनक जवाब नहीं दिया है।
चुनावी कनेक्शन की संभावना
सूत्रों का कहना है कि इतनी बड़ी नकदी का बरामद होना चुनावी मौसम से पहले किसी बड़े राजनीतिक या कारोबारी लेन-देन से जुड़ा हो सकता है। वहीं पुलिस अधिकारियों ने आशंका जताई है कि रकम हवाला कारोबार का हिस्सा भी हो सकती है। जांच एजेंसियां यह भी खंगाल रही हैं कि क्या यह धन किसी बड़े अवैध व्यापार या मनी लॉन्ड्रिंग नेटवर्क से जुड़ा है।
प्रदेश में अब तक की सबसे बड़ी नकदी बरामदगी
स्थानीय अधिकारियों का कहना है कि यह बरामदगी अब तक की सबसे बड़ी नकदी जब्ती की कार्रवाई है। इस खबर ने पूरे प्रदेश में हलचल मचा दी है। पुलिस मुख्यालय में लगातार उच्चस्तरीय बैठकें हो रही हैं। अधिकारियों का कहना है कि जैसे-जैसे पूछताछ और दस्तावेजों की जांच आगे बढ़ेगी, इस मामले में कई बड़े राज खुल सकते हैं। आयकर विभाग अब इस रकम की वैधता और उससे जुड़े लेन-देन की गहन जांच करेगा। पुलिस और जांच एजेंसियों को उम्मीद है कि आने वाले दिनों में पूछताछ और डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर किसी बड़े नेटवर्क का खुलासा हो सकता है। फिलहाल सभी चारों संदिग्धों को हिरासत में रखकर उनसे पूछताछ की जा रही है।




