सीजी भास्कर, 29 अप्रैल : भारत के महारजिस्ट्रार एवं जनगणना आयुक्त कार्यालय के निर्देशानुसार, बलौदाबाजार-भाटापारा जिले में जनगणना 2026 के प्रथम चरण का आगाज 1 मई से होने जा रहा है। 30 मई तक चलने वाले इस अभियान के तहत जिले के 1861 प्रगणक घर-घर दस्तक देंगे। कलेक्टर कुलदीप शर्मा ने अधिकारियों की बैठक लेकर इस राष्ट्रीय महत्व के कार्य को समय-सीमा में और पूरी सावधानी के साथ पूर्ण करने के कड़े निर्देश दिए हैं। (Census 2026 Balodabazar Updates) के तहत इस बार पूरी प्रक्रिया डिजिटल होगी।
मोबाइल ऐप से होगी गणना
मकान सूचीकरण और गणना के कार्य को सुव्यवस्थित करने के लिए पूरे जिले को 1978 हाउसलिस्टिंग ब्लॉकों (HLB) में विभाजित किया गया है। प्रत्येक ब्लॉक में लगभग 150 से 180 मकानों को रखा गया है। जहां पहले यह कार्य कागजों पर होता था, वही अब प्रगणक मोबाइल ऐप के माध्यम से डिजिटल डेटा संग्रहण करेंगे। कलेक्टर ने निर्देश दिया है कि सभी प्रगणक 30 अप्रैल तक ऐप में लॉगिन सुनिश्चित कर लें ताकि तकनीकी समस्याओं का समय पर निराकरण हो सके। (Census 2026 Balodabazar Updates) के सफल क्रियान्वयन के लिए 309 सुपरवाइजरों को मॉनिटरिंग की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
आधार या पैन कार्ड की जरूरत नहीं, डेटा रहेगा सुरक्षित
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि जनगणना के दौरान प्रगणक आपसे Aadhaar Card, पैन कार्ड या बैंक खाते की जानकारी नहीं मांगेंगे। केवल मकान और परिवार के सदस्यों से संबंधित सामान्य जानकारी ली जाएगी। यहाँ यह समझना महत्वपूर्ण है कि आपके द्वारा दी गई जानकारी पूर्णतः गोपनीय रहेगी और इसका उपयोग किसी भी योजना की पात्रता या अपात्रता तय करने के लिए नहीं किया जाएगा। कलेक्टर ने अपील की है कि नागरिक बिना किसी झिझक के सही जानकारी दें, क्योंकि यही डेटा भविष्य की कल्याणकारी योजनाओं और संसाधनों के वितरण का आधार बनता है।
त्रि-स्तरीय जांच और मॉनिटरिंग व्यवस्था
जनगणना कार्य की सटीकता सुनिश्चित करने के लिए डेटा की बहुस्तरीय जांच होगी। पहले सुपरवाइजर डेटा को चेक करेंगे, उसके बाद चार्ज अधिकारी (तहसीलदार और मुख्य नगरपालिका अधिकारी) फील्ड में जाकर पुन: सत्यापन करेंगे। जिले के 9 तहसीलों और 8 नगरीय निकायों को मिलाकर कुल 17 चार्ज बनाए गए हैं। कलेक्टर ने सभी प्रगणकों और सुपरवाइजरों को फील्ड में अनिवार्य रूप से आइडेंटिटी कार्ड धारण करने के निर्देश दिए हैं। (Census 2026 Balodabazar Updates) के लिए जिला स्तर पर एक कंट्रोल रूम भी बनाया गया है।


