सीजी भास्कर, 26 मई : छत्तीसगढ़ में एक ऐसा मामला (Father Murder Case) सामने आया है जिसने रिश्तों, परिवार और समाज को झकझोर कर रख दिया है। जिस बेटे ने बचपन में पिता का सहारा बनना सीखा, उसी बेटे ने गुस्से और तनाव के बीच अपने ही पिता की जान ले ली। घटना के बाद पूरे इलाके में सन्नाटा पसरा हुआ है और लोग इस दर्दनाक वारदात को लेकर स्तब्ध हैं।
मृतक की पहचान संतु कोठारी के रूप में हुई है, जो रेलवे से सेवानिवृत्त कर्मचारी थे। परिवार और आसपास के लोगों के मुताबिक संतु कोठारी को शराब पीने की गंभीर आदत थी। इसी बात को लेकर घर में आए दिन विवाद और तनाव का माहौल बना रहता था। बेटा वीरेंद्र कोठारी लंबे समय से पिता की शराबखोरी से परेशान था। परिवार कई बार समझाइश और विवादों के बीच टूटता-बिखरता रहा, लेकिन हालात नहीं बदले।
बताया जा रहा है कि रायपुर जिले तिल्दा थाना क्षेत्र से घटना (Father Murder Case) वाले दिन भी घर के भीतर विवाद शुरू हुआ। पहले कहासुनी हुई, फिर आवाजें तेज होने लगीं और देखते ही देखते मामला हिंसक हो गया। गुस्से में बेकाबू हुए वीरेंद्र ने पास में रखी लकड़ी उठाई और पिता पर हमला कर दिया। सिर और शरीर पर गंभीर चोट लगने से संतु कोठारी की मौके पर ही मौत हो गई।
घटना के बाद घर में चीख-पुकार मच गई। आसपास के लोग मौके पर पहुंचे तो पिता खून से लथपथ पड़े थे। सूचना मिलते ही तिल्दा थाना पुलिस मौके पर पहुंची और हालात को संभाला। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। वहीं आरोपी बेटे वीरेंद्र को हिरासत में लेकर पूछताछ की गई, जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया।
स्थानीय लोगों का कहना है कि यह घटना केवल एक हत्या नहीं, बल्कि उस पारिवारिक टूटन की कहानी है जहां शराब की लत ने रिश्तों की नींव को कमजोर कर दिया। पुलिस अधिकारियों के मुताबिक प्रारंभिक जांच में घरेलू विवाद और शराब की लत को हत्या की मुख्य वजह माना जा रहा है। मामले की विस्तृत जांच जारी है।
तिल्दा थाना क्षेत्र में शराब की लत और घरेलू विवाद के बीच बेटे ने अपने ही पिता की लकड़ी से हमला कर हत्या कर दी। मृतक संतु कोठारी रेलवे से सेवानिवृत्त कर्मचारी थे। घटना के बाद पुलिस ने आरोपी बेटे वीरेंद्र को गिरफ्तार कर लिया है। प्रारंभिक जांच में पारिवारिक तनाव और शराबखोरी को घटना की मुख्य वजह माना जा रहा है।



