सीजी भास्कर, 16 सितंबर। छत्तीसगढ़ में अचानक मौसम ने करवट ली और नाले में एक बड़ा हादसा होते-होते टल गया। कवर्धा जिले के घुमाछापर गांव के पास टमरू नाले में रेत से भरी ट्रैक्टर-ट्रॉली (Flood Accident Chhattisgarh) अचानक आई तेज बाढ़ के बहाव में फंस गई। ट्रॉली में बैठे सात मजदूर भी नाले के पानी में बह गए। गनीमत रही कि सभी मजदूरों ने हिम्मत दिखाई और तैरकर अपनी जान बचा ली। घटना के बाद गांव और आसपास के इलाके में दहशत का माहौल बन गया।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, ट्रैक्टर-ट्रॉली नाले के बीच में अटक गई थी। इसी दौरान तेज बारिश होने लगी और पानी का बहाव अचानक बहुत ज्यादा बढ़ गया। मजदूरों को बचने का मौका तक नहीं मिला और वे बहने लगे। हालांकि सभी ने तैरकर खुद को किनारे तक पहुंचा लिया। यह हादसा (Flood Accident Chhattisgarh) लोगों को डरा गया और ग्रामीणों में चर्चा का विषय बन गया।
उधर सूरजपुर जिले में बिजली गिरने से बड़ा हादसा हो गया। यहां सात लोग इसकी चपेट में आ गए। एक युवक की मौके पर मौत हो गई, जबकि छह अन्य झुलस गए। इनमें दो बच्चे भी शामिल हैं। चार लोगों का इलाज कोरिया के सोनहत सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में चल रहा है और दोनों बच्चों को भी वहीं भर्ती कराया गया है।
मिली जानकारी के अनुसार, पीड़ित लोग महतारी वंदन योजना की राशि संबंधी समस्या को लेकर पालकेवरा ग्राम पंचायत सचिव के पास गए थे। सचिव को बुलाकर पेड़ के नीचे मोबाइल नंबर और जरूरी दस्तावेज अपडेट कराए जा रहे थे। तभी अचानक आकाशीय बिजली गिरी और सभी उसकी चपेट में आ गए। यह मामला (Flood Accident Chhattisgarh) ओड़गी थाना क्षेत्र का बताया जा रहा है।
रायपुर में रूक रूक बारिश जारी
इधर राजधानी रायपुर में मंगलवार सुबह से ही मौसम का मिजाज बदला-बदला रहा। सुबह बादलों के बाद 11 बजे के बाद रुक-रुक कर तेज बारिश शुरू हो गई। मौसम विभाग ने कोंडागांव, बस्तर, दंतेवाड़ा और सुकमा को छोड़कर बाकी जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया है। विभाग ने चेतावनी दी है कि गरज-चमक के साथ बिजली गिर सकती है और आंधी भी चल सकती है। हालांकि विभाग ने कहा कि 17 सितंबर से ऐसी गतिविधियों में कमी आ सकती है। मौसम विभाग की चेतावनी (Flood Accident Chhattisgarh) को देखते हुए प्रशासन ने लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी है।



