सीजी भास्कर, 14 जून : कोंडागांव जिले में गहराते पेट्रोल-डीजल संकट (Fuel Crisis Kondagaon) को लेकर ग्रामीणों का आक्रोश शनिवार को सड़क पर दिखाई दिया। ईंधन की कमी से परेशान ग्रामीणों ने भगदेवा में चक्काजाम कर कोंडागांव-अमरावती मुख्य मार्ग को अवरुद्ध कर दिया। प्रदर्शन के चलते सड़क पर वाहनों की लंबी कतार लग गई और यात्रियों को घंटों तक परेशानी का सामना करना पड़ा।
ईंधन संकट से प्रभावित हुआ जनजीवन
ग्रामीणों का आरोप है कि क्षेत्र में पिछले कई दिनों से पेट्रोल और डीजल की पर्याप्त आपूर्ति नहीं हो रही है। स्थिति ऐसी बन गई है कि लोगों को ईंधन के लिए घंटों इंतजार करना पड़ रहा है, जबकि कई वाहन चालक खाली हाथ वापस लौटने को मजबूर हैं।
ग्रामीणों के अनुसार संकट का असर केवल आवागमन तक सीमित नहीं है, बल्कि खेती-किसानी, छोटे व्यवसाय और दैनिक कार्य भी प्रभावित हो रहे हैं। कृषि कार्यों के लिए ट्रैक्टर और अन्य मशीनें ईंधन के अभाव में खड़ी हैं, जिससे किसानों की चिंता बढ़ गई है।
प्रशासन के खिलाफ जताया नाराजगी
प्रदर्शन कर रहे ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि समस्या को लेकर कई बार संबंधित अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस समाधान नहीं निकला। इसी के विरोध में लोगों ने सड़क पर उतरकर चक्काजाम किया और प्रशासन से तत्काल व्यवस्था सुधारने की मांग की।
ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि जल्द ही पर्याप्त मात्रा में पेट्रोल और डीजल उपलब्ध नहीं कराया गया, तो आंदोलन को और व्यापक रूप दिया जाएगा।
सड़क पर लगी वाहनों की लंबी कतार
चक्काजाम के चलते कोंडागांव-अमरावती मुख्य मार्ग पर दोनों ओर वाहनों की लंबी कतार लग गई। यात्री, व्यापारी और अन्य वाहन चालक काफी देर तक जाम में फंसे रहे। इससे मार्ग पर यातायात व्यवस्था पूरी तरह प्रभावित हो गई।
समझाइश के बाद खुला रास्ता
चक्काजाम की सूचना मिलते ही प्रशासनिक और पुलिस अधिकारी मौके पर पहुंचे। अधिकारियों ने प्रदर्शनकारियों से चर्चा कर उनकी समस्याएं सुनीं और जल्द समाधान का आश्वासन दिया। काफी देर तक चली बातचीत और समझाइश के बाद ग्रामीणों ने आंदोलन समाप्त कर दिया, जिसके बाद मार्ग पर यातायात धीरे-धीरे सामान्य हो सका। हालांकि ग्रामीणों का कहना है कि केवल आश्वासन से काम नहीं चलेगा, बल्कि ईंधन आपूर्ति को लेकर स्थायी समाधान जरूरी है।





