सीजी भास्कर, 25 दिसंबर। शासन की जनकल्याणकारी योजनाएं यदि सही हाथों में पहुंचें, तो वे जीवन की दिशा ही बदल देती हैं। इसका जीवंत उदाहरण जिला बेमेतरा के ग्राम उमरावनगर के प्रगतिशील कृषक हेमंत कुमार राजपूत हैं, जिनके जीवन में कृषक उन्नति योजना (Krishak Unnati Yojana) एक वरदान बनकर सामने आई है। राज्य शासन की इस महत्वाकांक्षी और किसान-हितैषी योजना ने न केवल उनकी आर्थिक स्थिति को सुदृढ़ किया, बल्कि उनके परिवार के जीवन स्तर में भी उल्लेखनीय बदलाव लाया है।
शासन से प्राप्त 2.32 लाख रुपये की अनुदान राशि का राजपूत ने पूरी पारदर्शिता और दूरदर्शिता के साथ उपयोग किया। सबसे पहले उन्होंने अपने अधूरे मकान का निर्माण कार्य पूर्ण कराया। पक्के और सुरक्षित आवास के निर्माण से जहां उनके परिवार को स्थायित्व और सुरक्षा मिली, वहीं सामाजिक सम्मान और आत्मविश्वास में भी वृद्धि हुई। कच्चे मकान की असुविधाओं से मुक्त होकर अब उनका परिवार सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन व्यतीत कर रहा है।
इसके साथ ही श्री राजपूत ने अनुदान राशि का उपयोग कृषि कार्यों को मजबूत करने में भी किया। खेतों में पम्प की स्थापना से वर्षों पुरानी सिंचाई समस्या का स्थायी समाधान हुआ। समय पर और पर्याप्त सिंचाई सुविधा मिलने से फसलों की गुणवत्ता और उत्पादन क्षमता में उल्लेखनीय बढ़ोतरी दर्ज की गई। सिंचाई व्यवस्था सुदृढ़ होने से कम लागत और कम श्रम में अधिक क्षेत्र में खेती संभव हो पाई, जिससे आय में निरंतर वृद्धि हो रही है।
आज हेमंत कुमार राजपूत आत्मनिर्भर बन चुके हैं और गांव के अन्य किसानों के लिए प्रेरणा का स्रोत हैं। उनकी सफलता देखकर ग्राम उमरावनगर के अनेक कृषक शासकीय योजनाओं के प्रति जागरूक हो रहे हैं। यह कहानी इस बात का प्रमाण है कि कृषक उन्नति योजना (Krishak Unnati Yojana) जैसे प्रयास ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत कर किसानों को आत्मसम्मान और उज्ज्वल भविष्य की राह दिखा रहे हैं।


