सीजी भास्कर, 18 सितंबर। पहली झलक में उत्सव का माहौल दिखा था, पर इस उद्घाटन (Rajim Rail Link) के पीछे सालों की योजनाएँ और इंतज़ार भी छिपा था। स्टेशन पर उमड़ी भीड़ में हर चेहरा उम्मीद लिए खड़ा था। शहर के बाजारों से लेकर छोटे कस्बों तक, हर ओर अगले सफर की तैयारी दिखाई दे रही थी। यात्रियों की आँखों में नई कनेक्टिविटी का भरोसा साफ़ झलक रहा था।
राजिम-कनेक्टिविटी का उद्घाटन (Rajim Rail Link)
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज राजिम में नई रेल सेवा का शुभारंभ किया और राजिम को रेल नेटवर्क से जोड़ने की औपचारिक घोषणा की। इस अवसर पर राजिम-रायपुर-राजिम मेमू नई ट्रेन सेवा तथा रायपुर-अभनपुर मेमू रेल सेवा को राजिम तक विस्तारित करने का काम भी प्रारम्भ किया गया। सस्ती और सुलभ रेल सुविधा मिलने से पूरे क्षेत्र में उत्साह और हर्ष का वातावरण रहा। इस पहल के बाद कहा जा रहा है कि छत्तीसगढ़ का प्रयाग राजिम अब रेल नेटवर्क से जुड़ा है ।
किस तरह मिलेगी सहूलियत
नए परिचालन के चलते राजिम सहित गरियाबंद और देवभोग क्षेत्र के लोगों को राजधानी रायपुर तक सस्ती और किफायती यात्रा उपलब्ध होगी। विद्यार्थी, कर्मचारी और व्यापारी वर्ग इस कनेक्टिविटी से सीधा लाभ उठाएंगे। उद्घाटन के बाद भारी संख्या में यात्री ट्रेन में सवार हुए और उत्साह के साथ रायपुर के लिए रवाना हुए — यह बदलाव स्थानीय आवागमन को आसान बनाएगा और आर्थिक व सामाजिक गतिशीलता बढ़ाएगा (Rajim Rail Link)।
इंफ्रास्ट्रक्चर और वित्तीय योजना
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रदेश में रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर के लिए लगभग 45,000 करोड़ रुपये की परियोजनाएँ संचालित हैं और वित्त वर्ष 2025-26 के बजट में लगभग 7,000 करोड़ रुपये का प्रावधान से रेल सेवाओं के तीव्र विस्तार को सुनिश्चित किया जा रहा है। उन्होंने याद दिलाया कि आठ वर्ष पूर्व यहां नैरो गेज ट्रेन चलती थी और अब ब्रॉडगेज ट्रेन सुविधा मिलने से क्षेत्रीय कनेक्टिविटी में बड़ा बदलाव आएगा — इसलिए छत्तीसगढ़ का प्रयाग राजिम अब रेल नेटवर्क से जुड़ा हुआ है (Rajim Rail Link) और इसका लाभ आने वाली पीढ़ियों को मिलेगा।
उपस्थित जनप्रतिनिधि और अधिकारी
इस अवसर पर वन मंत्री केदार कश्यप, खाद्य मंत्री दयालदास बघेल, लोकसभा सांसद रायपुर बृजमोहन अग्रवाल, महासमुंद सांसद रूपकुमारी चौधरी, अभनपुर विधायक इन्द्रकुमार साहू, राजिम विधायक रोहित साहू, राज्य भंडार गृह निगम के अध्यक्ष चंदूलाल साहू, नगर पालिका गोबरा नवापारा अध्यक्ष ओमकुमारी संजय साहू, नगर पंचायत राजिम अध्यक्ष महेश यादव, दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के महाप्रबंधक तरुण प्रकाश, रेलवे अधिकारी-कर्मचारी तथा भारी संख्या में नागरिक उपस्थित रहे। सहभागी नेताओं ने कहा कि अब राजिम के धार्मिक और पर्यटन स्थलों तक पहुंच अधिक सुगम होगी और क्षेत्रीय विकास को बढ़ावा मिलेगा।
पर्यटन और दीर्घकालिक प्रभाव
वन मंत्री केदार कश्यप ने कहा कि नई सेवा से राजिम तक सीधी रेल पहुँच सुनिश्चित हो गई है, जिससे पर्यटन को मजबूती मिलेगी। उन्होंने बताया कि कई स्टेशनों को “निर्मल भारत रेलवे स्टेशन” परियोजना में मॉडिफाई करने का काम चल रहा है और प्रदेश के कुछ स्टेशनों को इस योजना में शामिल किया गया है, जिससे राजिम सहित अन्य आयामों में भी सुधार आएगा। इस रेल विस्तार से बस्तर और रावघाट प्रोजेक्टों को भी लाभ मिलेगा और व्यापक स्तर पर रेल कनेक्टिविटी में तेजी आएगी।
परिचालन विस्तार और समय-सारणी
दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के रायपुर रेल मंडल की सूचना के अनुसार रायपुर-अभनपुर-रायपुर मेमू पैसेंजर ट्रेन का परिचालन अब राजिम तक विस्तारित होगा। 19 सितंबर 2025 से नियमित समय-सारणी के अनुसार गाड़ी संख्या 68766/68767 राजिम-अभनपुर-रायपुर मेमू पैसेंजर प्रतिदिन दोनों छोरों—राजिम और रायपुर—से संचालित होगी। ट्रेन में 06 सामान्य श्रेणी के डिब्बे तथा 02 पावरकार सहित कुल 08 कोच होंगे।
स्थानीय आशाएँ और अपेक्षाएँ
लोकाप्रतिनिधियों और नागरिकों ने आने वाले दिनों में रेलवे सेवा से रोजगार, तीर्थयात्रियों की सुविधा और व्यापार के अवसर बढ़ने की उम्मीद जताई। कहा जा रहा है कि राजिम की सांस्कृतिक और धार्मिक गरिमा अब और उजागर होगी और शहर आर्थिक-पर्यटन दोनों मोर्चों पर ओजस्वी बन सकेगा। इस कदम से छत्तीसगढ़ के आंतरिक और बाहरी कनेक्टिविटी में विस्तृत सुधार की उम्मीद है और राजिम का नाम राष्ट्रीय मानचित्र पर और उभरेगा।


