छत्तीसगढ़ के रायगढ़ जिले में एक सूने मकान को चोरों ने निशाना बनाया। परिवार के दशगात्र कार्यक्रम में शामिल होने दूसरे गांव जाने के दौरान अज्ञात चोरों ने घर का ताला तोड़कर करीब 8 लाख रुपए के जेवरात और 60 हजार रुपए नकद चोरी कर लिए। परिवार के लौटने पर वारदात का पता चला। मामले में पुलिस ने अज्ञात चोरों के खिलाफ केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
दशगात्र कार्यक्रम में गया था पूरा परिवार
घटना पुसौर थाना क्षेत्र के ग्राम कंवरिहा की है। यहां 58 वर्षीय लक्ष्मी प्रसाद पटेल अपनी पत्नी उर्मिला पटेल के साथ रहते हैं। लक्ष्मी प्रसाद खेती-किसानी और कपड़ा सिलाई का काम करते हैं। 13 सितंबर को उन्हें अपने दामाद कृष्ण कुमार के दादा के निधन की जानकारी मिली थी। इसके बाद परिवार घर में ताला लगाकर ग्राम पुरूंगा में आयोजित दशगात्र कार्यक्रम में शामिल होने चला गया।
कार्यक्रम के दौरान लक्ष्मी प्रसाद की पत्नी की तबीयत अचानक बिगड़ गई। उन्हें इलाज के लिए धरमजयगढ़ ले जाया गया। कार्यक्रम खत्म होने के बाद परिवार गुरुवार शाम वापस अपने घर लौटा।
अलमारियां खुली मिलीं, सामान बिखरा था
घर पहुंचकर मेन गेट का ताला खोलने के बाद परिवार अंदर गया तो एक कमरे का दरवाजा टूटा हुआ मिला। दो कमरों में रखी पांच अलमारियां खुली थीं और सामान फर्श पर बिखरा पड़ा था। जांच करने पर सोने का हार, रानी हार, कर्णफूल, ब्रेसलेट, अंगूठी और लॉकेट समेत अन्य जेवरात गायब मिले। इसके अलावा अलमारी में रखे 60 हजार रुपए नकद भी नहीं थे।
परिवार के मुताबिक चोरी हुए जेवरात और नकदी की कुल कीमत करीब 8 लाख रुपए है। आसपास तलाश करने के बाद भी चोरों का कोई सुराग नहीं मिला।
पुलिस ने अज्ञात चोरों पर दर्ज किया मामला
घटना के बाद लक्ष्मी प्रसाद ने पुसौर थाने में शिकायत दर्ज कराई। पुलिस ने अज्ञात आरोपी के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धारा 305(a) और 331(4) के तहत मामला दर्ज किया है। पुलिस आसपास के इलाके में जांच करने के साथ चोरों की पहचान और गिरफ्तारी के प्रयास कर रही है।



