सीजी भास्कर, 04 जून : नशे के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत दुर्ग रेंज पुलिस ने बड़ी कार्रवाई (Samoda Opium Case) करते हुए लगभग 7.88 करोड़ रुपये मूल्य के जब्त मादक पदार्थों का वैधानिक प्रक्रिया के तहत नष्टीकरण किया है। थाना पुलगांव के चर्चित समोदा अफीम खेती प्रकरण में जब्त लाखों अफीम पौधों, अफीम डोडा और अन्य मादक पदार्थों को न्यायालयीन प्रक्रिया पूरी होने के बाद नष्ट किया गया।
यह कार्रवाई छत्तीसगढ़ पुलिस मुख्यालय और राज्य शासन के निर्देश पर गठित रेंज स्तरीय ड्रग्स (Samoda Opium Case) डिस्पोजल समिति की निगरानी में की गई। समिति के अध्यक्ष एवं दुर्ग रेंज के पुलिस महानिरीक्षक अभिषेक शांडिल्य के नेतृत्व में भिलाई इस्पात संयंत्र (बीएसपी) के एसएमएस-3 प्लांट में पूरे मादक पदार्थ का नष्टीकरण किया गया।
समोदा में अफीम खेती का हुआ था बड़ा खुलासा
गौरतलब है कि 6 मार्च 2026 को पुलगांव थाना पुलिस ने समोदा क्षेत्र में बड़े पैमाने पर अफीम की अवैध खेती का खुलासा किया था। मामले में नेता विनायक ताम्रकार सहित आठ आरोपियों को गिरफ्तार किया गया था। सभी आरोपित वर्तमान में न्यायिक अभिरक्षा में जेल में निरुद्ध हैं।
समोदा अफीम कांड प्रदेश के चर्चित एनडीपीएस मामलों में शामिल रहा है, जिसमें बड़े पैमाने पर अवैध अफीम उत्पादन का मामला सामने आया था।
14.30 लाख अफीम पौधों का नष्टीकरण
पुलिस के अनुसार थाना पुलगांव के अपराध क्रमांक 247/2026 में एनडीपीएस एक्ट की धारा 8 और 18 के तहत जब्त मादक पदार्थों को नष्ट किया गया।
नष्टीकरण की गई सामग्री में शामिल हैं
- 14 लाख 30 हजार 100 नग अफीम के पौधे
- कुल वजन 62,422.2 किलोग्राम
- पौधों की जड़, तना, पत्ती, फूल और फल
- 62.540 किलोग्राम अफीम का सूखा फल (डोडा)
- 572 ग्राम अफीम युक्त मिश्रित डोडा बुक्की
पुलिस के अनुसार जब्त मादक पदार्थों का कुल अनुमानित मूल्य लगभग 7.88 करोड़ रुपये आंका गया है।
आईजी अभिषेक शांडिल्य की मौजूदगी में हुई कार्रवाई
नष्टीकरण प्रक्रिया के दौरान दुर्ग रेंज के पुलिस महानिरीक्षक अभिषेक शांडिल्य, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक एवं उप पुलिस महानिरीक्षक विजय अग्रवाल, आबकारी उपायुक्त शशांक कुमार सहित पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे। पूरी कार्रवाई पर्यावरणीय मानकों और वैधानिक प्रावधानों का पालन करते हुए की गई।
नशे के कारोबारियों के खिलाफ जारी रहेगा अभियान
पुलिस अधिकारियों ने कहा कि मादक पदार्थों की तस्करी, अवैध खेती और नशे (Samoda Opium Case) के कारोबार के खिलाफ लगातार अभियान चलाया जा रहा है। जब्त मादक पदार्थों का सुरक्षित और कानूनी तरीके से नष्टीकरण न्यायिक प्रक्रिया का महत्वपूर्ण हिस्सा है। दुर्ग रेंज पुलिस ने स्पष्ट किया है कि युवाओं को नशे से बचाने और नशे के नेटवर्क को तोड़ने के लिए भविष्य में भी इसी तरह की सख्त कार्रवाई जारी रहेगी।




