सीजी भास्कर, 05 अप्रैल। तेलंगाना की रेवंत रेड्डी सरकार ने ट्रांसजेंडर समुदाय को समाज की मुख्यधारा से जोड़ने और उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम (Transgender Empowerment) उठाया है। अब राज्य के ट्रांसजेंडर न केवल सड़कों पर अपनी मौजूदगी दर्ज कराएंगे, बल्कि वे आसमान में ड्रोन उड़ाते और बड़े होटलों का प्रबंधन संभालते हुए भी नजर आएंगे। सरकार ने एक विशेष कौशल विकास कार्यक्रम का आगाज किया है, जिसके तहत इस समुदाय को आधुनिक तकनीकी और प्रोफेशनल कोर्सेज की ट्रेनिंग दी जाएगी ताकि वे भी सम्मान के साथ अपना जीवन यापन कर सकें।
ड्रोन पायलट बनकर बदलेंगे अपनी किस्मत (Transgender Empowerment)
तकनीक के इस दौर में जहां ड्रोन की मांग कृषि से लेकर सर्वे और फिल्म इंडस्ट्री तक बढ़ रही है, वहीं तेलंगाना सरकार ने 16 ट्रांसजेंडर व्यक्तियों को ‘तेलंगाना स्टेट एविएशन एकेडमी’ में प्रोफेशनल ड्रोन पायलट की ट्रेनिंग देने का फैसला किया है। यह अपने आप में एक अनूठा प्रयोग है, जो यह साबित करता है कि हुनर पर किसी खास वर्ग का अधिकार नहीं होता। इस ट्रेनिंग के बाद ये युवा हाई-टेक इंडस्ट्री में अपनी जगह बना सकेंगे और एक अच्छी आय अर्जित कर पाएंगे।
हॉस्पिटैलिटी और होटल मैनेजमेंट में दिखेगा नया अंदाज
सिर्फ तकनीक ही नहीं, बल्कि सेवा क्षेत्र (Service Sector) में भी ट्रांसजेंडर्स की भागीदारी सुनिश्चित (Transgender Empowerment) की जा रही है। ‘नेशनल इंस्टीट्यूट ऑफ टूरिज्म एंड हॉस्पिटैलिटी मैनेजमेंट’ के माध्यम से 25 ट्रांसजेंडर व्यक्तियों को होटल मैनेजमेंट और कैंटीन शेफ की ट्रेनिंग दी जाएगी। इसका मकसद उन्हें बड़े होटलों, रेस्तरां और कैटरिंग बिजनेस के लिए तैयार करना है। सरकार का मानना है कि इस ट्रेनिंग से उनके भीतर का आत्मविश्वास बढ़ेगा और वे खुद के स्टार्टअप या रेस्तरां भी खोल सकेंगे।
सड़कों पर फर्राटा भरेंगी गाड़ियां, मिलेगा स्वरोजगार
रोजगार के अवसरों को और विस्तार देते हुए सरकार ने 50 ट्रांसजेंडर व्यक्तियों को ड्राइविंग सिखाने का भी जिम्मा उठाया है। इसके लिए ‘मारुति सुजुकी ड्राइविंग स्कूल’ के साथ मिलकर उन्हें कार चलाने का प्रशिक्षण दिया जाएगा। ट्रेनिंग पूरी होने के बाद वे न केवल टैक्सी या निजी वाहन चला सकेंगे, बल्कि लॉजिस्टिक कंपनियों में भी नौकरी पा सकेंगे। इस पूरे कार्यक्रम के लिए सरकार ने 17.72 लाख रुपये का बजट जारी किया है, जिससे कुल 91 लोगों का जीवन संवरने वाला है।
आत्मसम्मान और आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ते कदम
कार्यक्रम का उद्घाटन करते हुए सशक्तिकरण मंत्री ए. लक्ष्मण कुमार ने स्पष्ट किया कि सरकार का उद्देश्य ट्रांसजेंडर समुदाय के सामने आने वाली सामाजिक और आर्थिक चुनौतियों को जड़ से खत्म (Transgender Empowerment) करना है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री के विजन के अनुरूप पहले हैदराबाद पुलिस में ट्रैफिक असिस्टेंट के तौर पर इनकी नियुक्ति की गई थी और अब इस स्किल डेवलपमेंट प्रोग्राम से इन्हें समाज में वो सम्मान मिलेगा, जिसके वे हकदार हैं। यह पहल न केवल तेलंगाना बल्कि पूरे देश के लिए एक नजीर पेश करेगी।


