सीजी भास्कर, 23 अप्रैल : गर्मी के मौसम में यात्रियों की बढ़ती भीड़ को देखते हुए भारतीय रेलवे (Summer Special Trains) ने इस बार व्यापक स्तर पर तैयारियां की हैं। खासकर छत्तीसगढ़ के यात्रियों के लिए राहत भरी खबर है, क्योंकि दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के बिलासपुर जोन से 18 समर स्पेशल ट्रेनें चलाई जा रही हैं। इन ट्रेनों का संचालन 15 अप्रैल से शुरू हो चुका है और यह 15 जुलाई तक जारी रहेगा। इस अवधि में ये ट्रेनें कुल 88 फेरे लगाकर यात्रियों को सुविधा प्रदान करेंगी।
रेलवे प्रशासन के अनुसार, बिलासपुर जोन से स्वीकृत 18 स्पेशल ट्रेनों (Summer Special Trains) में से अब तक 13 ट्रेनों का संचालन शुरू हो चुका है, जबकि शेष ट्रेनों को चरणबद्ध तरीके से जल्द ही पटरी पर उतारा जाएगा। ये ट्रेनें देश के विभिन्न प्रमुख गंतव्यों को जोड़ेंगी, जिससे लंबी दूरी की यात्रा करने वाले यात्रियों को बड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।
देशभर के स्तर पर भी रेलवे ने बड़े पैमाने पर समर स्पेशल ट्रेनों (Summer Special Trains) की घोषणा की है। कुल 908 ग्रीष्मकालीन विशेष ट्रेनों को मंजूरी दी गई है, जो 15 अप्रैल से 15 जुलाई के बीच 18,262 फेरे संचालित करेंगी। इससे न केवल भीड़ नियंत्रण में मदद मिलेगी, बल्कि यात्रियों को बेहतर यात्रा अनुभव भी मिलेगा।
भीड़ को कम करने की कवायद
रेलवे ने यह कदम हर साल गर्मी की छुट्टियों में बढ़ने वाली भीड़ को ध्यान में रखते हुए उठाया है। इस दौरान स्कूलों और कॉलेजों की छुट्टियां होने के कारण बड़ी संख्या में लोग अपने घरों की ओर या पर्यटन स्थलों की यात्रा करते हैं, जिससे ट्रेनों में अत्यधिक दबाव बढ़ जाता है। ऐसे में अतिरिक्त ट्रेनों का संचालन यात्रियों के लिए काफी राहतभरा साबित होता है।
प्रदेश के बड़े स्टेशनों में विशेष व्यवस्था
इसके अलावा, प्रमुख रेलवे स्टेशनों पर भी विशेष व्यवस्थाएं की गई हैं। बिलासपुर, रायपुर, दुर्ग, गोंदिया, इतवारी, रायगढ़ और शहडोल जैसे स्टेशनों पर अतिरिक्त टिकट काउंटर खोले गए हैं। साथ ही यात्रियों के लिए पेयजल की समुचित व्यवस्था, प्रतीक्षालयों में सुधार, साफ-सफाई और सुरक्षा व्यवस्था को भी मजबूत किया गया है, ताकि यात्रियों को किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े।
रेलवे अधिकारियों का दावा है कि इन विशेष ट्रेनों के संचालन से नियमित ट्रेनों में भीड़ कम होगी और वेटिंग लिस्ट में भी गिरावट आएगी। इससे यात्रियों को कंफर्म टिकट मिलने की संभावना पहले की तुलना में अधिक हो जाएगी। साथ ही यात्रा अधिक सुगम और आरामदायक होगी, जिससे लोगों का सफर बेहतर अनुभव में बदलेगा।


