सीजी भास्कर, 21 मई : अत्यंत सुदूर, पहुंचविहीन और संवेदनशील क्षेत्र सुकमा जिले का मिनपा स्वास्थ्य केंद्र (Minpa Health Centre Sukma) आज सेवा, संघर्ष और समर्पण की एक बड़ी और प्रेरणादायी मिसाल बन चुका है। जो स्वास्थ्य सेवाएं वर्ष 2022 में बेहद सीमित संसाधनों और एक झोपड़ीनुमा अस्थायी व्यवस्था से प्रारंभ हुई थीं, वही आज राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक (NQAS) मूल्यांकन तक पहुंचकर एक नई ऐतिहासिक उपलब्धि दर्ज कर रही हैं।
विपरीत परिस्थितियों में स्वास्थ्य कर्मियों का संघर्ष
कुछ साल पहले तक क्षेत्र की कठिन भौगोलिक परिस्थितियों और विपरीत माहौल के बीच स्वास्थ्य सेवाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना प्रशासन के लिए एक बहुत बड़ी चुनौती थी। इसके बावजूद स्वास्थ्य विभाग की टीम ने हौसला नहीं हारा और लगातार अंदरूनी गांवों तक पहुंचकर हेल्थ कैंप संचालित किए। टीम ने न केवल लोगों का उपचार किया, बल्कि जनमानस में स्वास्थ्य के प्रति जागरूकता का एक नया वातावरण भी तैयार किया।
मितानिन, एएनएम, सीएचओ, सुपरवाइजर, सेक्टर मेडिकल ऑफिसर सहित पूरे मैदानी स्वास्थ्य अमले की सतत मेहनत और जिला प्रशासन के सक्रिय सहयोग से इस नक्सल प्रभावित क्षेत्र में सरकारी स्वास्थ्य सेवाओं के प्रति स्थानीय ग्रामीणों का विश्वास बेहद मजबूत हुआ है।
राष्ट्रीय टीम ने किया मूल्यांकन
वर्षों की इसी निरंतर मेहनत और सेवा भावना का सुखद परिणाम है कि गत 15 अप्रैल 2026 को राष्ट्रीय गुणवत्ता मानक (NQAS) के केंद्रीय मूल्यांकन दल द्वारा मिनपा स्वास्थ्य केंद्र का विस्तृत निरीक्षण और मूल्यांकन सफलतापूर्वक संपन्न किया गया।
मिनपा (Minpa Health Centre Sukma) स्वास्थ्य केंद्र की यह अभूतपूर्व यात्रा केवल एक अस्पताल के भवन विकास की कहानी नहीं है, बल्कि विषम और खतरनाक परिस्थितियों में भी जनसेवा के संकल्प को जीवंत रखने वाले स्वास्थ्य कर्मियों के अद्वितीय समर्पण का एक बड़ा और प्रेरक उदाहरण है।



