सीजी भास्कर, 05 जुलाई : छत्तीसगढ़ सरकार ने स्कूली बच्चों के रेडीमेड गणवेश की गुणवत्ता को लेकर स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा है कि स्कूल गणवेश गुणवत्ता जांच (School Uniform Quality) के तहत प्रत्येक गणवेश की शत-प्रतिशत तकनीकी जांच के बाद ही स्कूलों में आपूर्ति की जा रही है। स्कूल शिक्षा विभाग के अनुसार प्रदेश के किसी भी जिले, विकासखंड, संकुल या स्कूल से गणवेश की गुणवत्ता को लेकर अब तक कोई शिकायत प्राप्त नहीं हुई है।
100% क्वालिटी चेक के बाद ही स्कूलों तक पहुंच रहे गणवेश
स्कूल शिक्षा विभाग ने बताया कि छत्तीसगढ़ राज्य हाथकरघा विकास एवं विपणन सहकारी संघ मर्यादित (ग्रामोद्योग विभाग) द्वारा गोदाम स्तर पर तकनीकी कर्मचारियों के माध्यम से स्कूल गणवेश गुणवत्ता जांच (School Uniform Quality) की शत-प्रतिशत प्रक्रिया पूरी की जाती है। गुणवत्ता परीक्षण में मानकों के अनुरूप पाए जाने के बाद ही रेडीमेड गणवेश स्कूलों तक भेजे जाते हैं।
किसी जिले से नहीं मिली गुणवत्ता की शिकायत
लोक शिक्षण संचालनालय और जिला शिक्षा अधिकारी रायपुर से प्राप्त जानकारी के अनुसार प्रदेश के किसी भी जिले या स्कूल से गणवेश की गुणवत्ता संबंधी कोई शिकायत दर्ज नहीं हुई है। वहीं छत्तीसगढ़ राज्य हाथकरघा विकास एवं विपणन सहकारी संघ के गोदाम प्रभारियों और तकनीकी टीम की रिपोर्ट में भी स्कूल गणवेश गुणवत्ता जांच (School Uniform Quality) के दौरान सभी गणवेश निर्धारित मानकों के अनुरूप पाए गए हैं।
स्थानीय बुनकरों और महिला समूहों को मिल रहा रोजगार
राज्य शासन की योजना के तहत कक्षा पहली से आठवीं तक के विद्यार्थियों के लिए गणवेश स्थानीय बुनकरों द्वारा तैयार किए जा रहे हैं, जबकि सिलाई का कार्य महिला स्व-सहायता समूहों के माध्यम से कराया जा रहा है। शैक्षणिक सत्र 2026-27 में बस्तर, सरगुजा और बिलासपुर संभाग के सभी जिलों में प्रत्येक छात्र-छात्रा को दो-दो सेट गणवेश उपलब्ध कराए जा चुके हैं। वहीं रायपुर और दुर्ग संभाग के जिलों में भी स्कूल गणवेश गुणवत्ता जांच (School Uniform Quality) के बाद चरणबद्ध तरीके से गणवेश वितरण जारी है।
शिकायत मिलने पर तुरंत बदले जाएंगे गणवेश
स्कूल शिक्षा विभाग ने कहा है कि यदि भविष्य में किसी भी जिले, संकुल या स्कूल से गणवेश की गुणवत्ता या साइज को लेकर कोई व्यावहारिक शिकायत प्राप्त होती है, तो तकनीकी परीक्षण के बाद संबंधित गणवेश को तत्काल बदलने (रिप्लेस) की व्यवस्था की जाएगी। विभाग ने पालकों और आम नागरिकों से अपील की है कि वे गणवेश की गुणवत्ता को लेकर फैल रही भ्रामक और अपूर्ण खबरों पर विश्वास न करें। सरकार बच्चों को बेहतर शिक्षा और गुणवत्तापूर्ण सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।



