सीजी भास्कर, 25 मई। दिल्ली से लेकर फरीदाबाद तक पिछले कुछ दिनों से सुरक्षा एजेंसियों की गतिविधियां तेज (Terror Network) नजर आ रही हैं। कई इलाकों में जांच टीमों की आवाजाही बढ़ी तो लोगों के बीच भी इस पूरे मामले को लेकर चर्चा शुरू हो गई। पुलिस सूत्रों से मिल रही जानकारी के बाद माहौल में बेचैनी देखी जा रही है और आतंकी नेटवर्क से जुड़े नए खुलासों ने सुरक्षा एजेंसियों को और सतर्क कर दिया है।
बताया जा रहा है कि पाकिस्तान से संचालित एक नेटवर्क भारत में युवाओं को बहकाकर बड़ी साजिश की तैयारी में जुटा था। जांच के दौरान कई ऐसे इनपुट सामने आए हैं जिनके बाद एजेंसियां लगातार अलग अलग राज्यों में सक्रिय लोगों की कड़ियां जोड़ने में लगी हुई हैं। सुरक्षा अधिकारियों की नजर खास तौर पर उन युवाओं पर है जिन्हें सोशल मीडिया के जरिए जोड़ने की कोशिश की गई।
दिल्ली और फरीदाबाद में लिखवाए गए संगठन के नारे : Terror Network
जांच एजेंसियों के मुताबिक दिल्ली पुलिस की विशेष इकाई ने पहले सोहेल नाम के आरोपी को पकड़ा था। पूछताछ के दौरान यह जानकारी सामने आई कि शाहजाद भट्टी ने उसे दिल्ली और फरीदाबाद की अलग अलग जगहों पर टीटीएच लिखने के निर्देश दिए थे। इसके साथ अंग्रेजी का एस अक्षर भी लिखवाया गया ताकि पीछे मौजूद नेटवर्क की पहचान का संकेत दिया जा सके। एजेंसियों का दावा है कि इस पूरी गतिविधि के लिए पाकिस्तान की तरफ से आर्थिक मदद पहुंचाई गई थी। जांच में फंडिंग से जुड़े कुछ अहम सुराग भी मिले हैं जिनकी पड़ताल अभी जारी है।
पुलिसकर्मियों को निशाना बनाने की तैयारी
सुरक्षा एजेंसियों ने खुलासा किया है कि शाहजाद भट्टी और उससे जुड़े लोग भारतीय पुलिसकर्मियों पर हमले की योजना बना रहे थे। हाल ही में दिल्ली पुलिस ने तीन युवकों को गिरफ्तार किया था जो सीधे पाकिस्तान में बैठे संपर्कों के संपर्क में बताए जा रहे हैं।
पूछताछ में सामने आया कि आरोपियों को हथियारों के साथ वीडियो बनाने और पुलिसकर्मियों पर हमला कर उसकी रिकॉर्डिंग करने के निर्देश दिए गए थे। एजेंसियों का मानना है कि इस तरह के वीडियो का इस्तेमाल डर फैलाने और युवाओं को प्रभावित करने के लिए किया जाना था।
हमला करने की कोशिश भी आई सामने
जांच के दौरान यह भी पता चला कि आरोपियों ने उत्तर प्रदेश पुलिस के एक जवान की गतिविधियों पर नजर (Terror Network) रखी थी। उस पर हमला करने की कोशिश भी की गई लेकिन हथियार जाम हो जाने की वजह से वारदात पूरी नहीं हो सकी। इसके बाद दिल्ली पुलिस की विशेष इकाई ने तेजी से कार्रवाई करते हुए आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। अब उनसे जुड़े दूसरे लोगों और नेटवर्क की भी जानकारी जुटाई जा रही है।
सोशल मीडिया से युवाओं को जोड़ने का प्रयास
सुरक्षा एजेंसियों के अनुसार शाहजाद भट्टी सोशल मीडिया और एन्क्रिप्टेड प्लेटफॉर्म के जरिए युवाओं को अपने नेटवर्क में शामिल करने की कोशिश कर रहा था। जांच में यह भी सामने आया कि अलग अलग राज्यों में बैठे कुछ लोग लगातार संदिग्ध संपर्कों में थे।
हाल ही में उत्तराखंड में भी एक युवक को गिरफ्तार किया गया (Terror Network) था। उस पर पाकिस्तान में मौजूद हैंडलर्स के लिए संवेदनशील स्थानों की रेकी करने का आरोप लगाया गया है। एजेंसियां अब इस पूरे नेटवर्क के फंडिंग चैनल, मॉड्यूल और अन्य सहयोगियों की गहराई से जांच कर रही हैं।



