रिपोर्टर : आशुतोष सिंह राजपूत
सीजी भास्कर, 25 जून। गरियाबंद जिले के तोरेंगा और जुगाड़ के बीच इन दिनों सड़क की हालत को लेकर लोगों में लगातार चर्चा (Road Collapse) हो रही है। हाल ही में पुलिया की मरम्मत कराए जाने के बावजूद उसके किनारे सड़क धंसने से राहगीरों की चिंता बढ़ गई है। इलाके से गुजरने वाले वाहन चालक भी इसे लेकर सवाल उठा रहे हैं और जल्द समाधान की मांग कर रहे हैं।
मौके पर पहुंचने वाले ग्रामीणों का कहना है कि यह रास्ता रोजाना बड़ी संख्या में लोगों की आवाजाही का प्रमुख मार्ग है। पुलिया के किनारे बने गहरे गड्ढे ने खतरा और बढ़ा दिया है। लोगों का मानना है कि यदि समय रहते स्थायी सुधार नहीं हुआ तो कभी भी बड़ा हादसा हो सकता है।

रोजाना हजारों लोगों की आवाजाही Road Collapse
तोरेंगा और जुगाड़ के बीच नाले के पास स्थित यह पुलिया राष्ट्रीय राजमार्ग 130 का हिस्सा है। यह मार्ग घने वन क्षेत्र से होकर गुजरता है और रायपुर, देवभोग सहित कई इलाकों को जोड़ने वाली महत्वपूर्ण सड़क माना जाता है। सड़क सिंगल लाइन होने के कारण यहां अतिरिक्त सतर्कता की जरूरत रहती है। ऐसे में पुलिया के किनारे सड़क धंसने से दुर्घटना की आशंका और बढ़ गई है।
स्थायी मरम्मत की उठी मांग
स्थानीय लोगों ने प्रशासन और संबंधित विभाग से जल्द स्थायी मरम्मत कराने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि अस्थायी काम से समस्या खत्म नहीं हो रही है, इसलिए इस बार मजबूत और टिकाऊ समाधान किया जाना चाहिए ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति दोबारा न बने।

जनपद सभापतियों ने जताई नाराजगी
मैनपुर जनपद के सभापति निर्भय सिंह ठाकुर ने इस मामले को गंभीर लापरवाही बताते हुए कहा कि इसकी शिकायत कलेक्टर और लोक निर्माण विभाग के मंत्री से की जाएगी। उनका कहना है कि इतनी महत्वपूर्ण सड़क पर इस तरह की स्थिति चिंताजनक है और जिम्मेदार अधिकारियों को जवाब देना चाहिए।
इसी मामले में मैनपुर जनपद सभापति सुभाष यादव ने भी नाराजगी (Road Collapse ) जताई। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय राजमार्ग की यह स्थिति कई सवाल खड़े करती है। यदि मुख्य सड़क का यह हाल है तो अंदरूनी ग्रामीण सड़कों की स्थिति का आसानी से अंदाजा लगाया जा सकता है। उन्होंने पूरे मामले की जांच कर जिम्मेदारी तय करने की मांग की।

जांच और ठोस कार्रवाई की मांग
स्थानीय लोगों का कहना है कि केवल शिकायत दर्ज कराने से समस्या का समाधान नहीं होगा। मौके का निरीक्षण, इंजीनियरिंग जांच और गुणवत्तापूर्ण स्थायी सुधार (Road Collapse) जरूरी है ताकि आने वाले समय में राहगीरों को सुरक्षित आवागमन मिल सके और किसी संभावित दुर्घटना से बचाव हो सके।





