सीजी भास्कर, 24 जुलाई : सूरजपुर जिले के ग्राम केशवपुर में तालाब में मगरमच्छ (AI Crocodile Photo) दिखाई देने की झूठी सूचना फैलाने वाले युवक के खिलाफ वन विभाग ने वैधानिक कार्रवाई की है। युवक ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) तकनीक से तैयार की गई मगरमच्छ की भ्रामक फोटो सोशल मीडिया पर वायरल कर दी थी, जिससे ग्रामीणों में भय और भ्रम की स्थिति निर्मित हो गई थी।

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तालाब में मगरमच्छ दिखने की सूचना निकली फर्जी AI Crocodile Photo
ग्राम केशवपुर के यादवपारा स्थित तालाब में मगरमच्छ (AI Crocodile Photo) दिखाई देने की सूचना 23 जुलाई 2026 को ग्राम पंचायत और ग्रामीणों द्वारा वन विभाग को दी गई थी। मगरमच्छ वन्यजीव (संरक्षण) अधिनियम, 1972 के तहत संरक्षित प्रजाति में शामिल है, इसलिए वन विभाग ने मामले को गंभीरता से लेते हुए तत्काल अधिकारियों और कर्मचारियों को मौके पर भेजा।
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वन विभाग की टीम ने तालाब का निरीक्षण किया और रेस्क्यू दल को भी सक्रिय किया। जांच के दौरान सामने आया कि सोशल मीडिया पर वायरल की गई तस्वीर वास्तविक नहीं थी, बल्कि एआई तकनीक की मदद से तैयार की गई भ्रामक फोटो थी।
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मोबाइल से एआई फोटो बनाकर की थी वायरल
जांच और पूछताछ में ग्राम केशवपुर निवासी ब्रजलाल यादव, पिता रूपनारायण यादव ने स्वीकार किया कि उसने अपने मोबाइल से तालाब की वास्तविक फोटो में एआई तकनीक के माध्यम से मगरमच्छ का चित्र जोड़कर फर्जी तस्वीर तैयार की थी और उसे विभिन्न व्हाट्सएप समूहों में साझा किया था।
इस भ्रामक सूचना के कारण ग्रामीणों और आसपास के क्षेत्रों में डर का माहौल बन गया। वहीं वन विभाग को रेस्क्यू टीम और सरकारी संसाधनों के साथ अनावश्यक रूप से जांच एवं खोजबीन करनी पड़ी।
वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत कार्रवाई
मामले में वन विभाग ने संबंधित युवक के खिलाफ वैधानिक कार्रवाई शुरू करते हुए पुलिस थाना रामानुजनगर में एफआईआर दर्ज कराने के लिए प्रतिवेदन प्रस्तुत किया। इसके बाद पुलिस ने नियमानुसार आरोपी को गिरफ्तार कर लिया है। प्रकरण में आगे की वैधानिक जांच जारी है।
अफवाहों से बचने की अपील
वन विभाग ने नागरिकों से अपील की है कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस या अन्य डिजिटल माध्यमों से तैयार फर्जी फोटो, वीडियो और असत्य सूचनाओं का निर्माण या प्रसार न करें। ऐसी भ्रामक जानकारी से लोगों में अनावश्यक भय फैलता है और शासकीय संसाधनों का दुरुपयोग होता है।
विभाग ने कहा कि यदि किसी क्षेत्र में वास्तव में कोई वन्यजीव दिखाई देता है तो इसकी सूचना तत्काल नजदीकी वन कार्यालय या अधिकारियों को दें। किसी भी अपुष्ट फोटो या जानकारी को सोशल मीडिया पर साझा करने से बचें।



