रायपुर, 17 सितम्बर 2025। विश्वकर्मा जयंती पर राजधानी रायपुर के इंडोर स्टेडियम में आयोजित श्रमिक महासम्मेलन में मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कहा कि छत्तीसगढ़ के निर्माण और विकास में श्रमवीरों की भूमिका अतुलनीय है। उन्होंने श्रमिकों को समाज की रीढ़ बताते हुए कहा कि उनके परिश्रम और भागीदारी से ही विकसित छत्तीसगढ़ तथा विकसित भारत का सपना साकार होगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने भगवान विश्वकर्मा जयंती की शुभकामनाएँ दीं और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को जन्मदिन की बधाई भी दी।
मुख्यमंत्री ने श्रमिकों के योगदान की सराहना करते हुए कहा कि प्रदेशवासियों के सपने श्रमवीरों की मेहनत से पूरे होंगे। उन्होंने घोषणा की कि दीदी ई-रिक्शा योजना की सहायता राशि 1 लाख रुपये से बढ़ाकर 1.50 लाख रुपये की जाएगी। इसी प्रकार मुख्यमंत्री निर्माण श्रमिक सहायता योजना में मकान निर्माण हेतु दी जाने वाली राशि भी 1 लाख से बढ़ाकर 1.50 लाख रुपये की जाएगी। साथ ही, पंजीकृत श्रमिकों की नि:शुल्क स्वास्थ्य जांच (Workers Free Health Checkup) का संपूर्ण खर्च श्रम विभाग उठाएगा।
मुख्यमंत्री ने कहा कि श्रद्धेय अटल बिहारी वाजपेयी ने छत्तीसगढ़ राज्य का निर्माण किया और बीते वर्षों में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने जनहितैषी कार्यों से प्रदेश को नई दिशा दी है। उन्होंने बताया कि सरकार श्रमिकों के स्वास्थ्य, शिक्षा, सामाजिक सुरक्षा, आवास और औजारों की सुविधा (Workers Free Health Checkup) पर विशेष ध्यान दे रही है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि आज 1 लाख 84 हजार 220 श्रमिकों के खातों में श्रम विभाग की विभिन्न योजनाओं—दीदी ई-रिक्शा सहायता योजना, मिनीमाता महतारी जतन योजना, निर्माण श्रमिक मजदूर सुरक्षा उपकरण सहायता योजना, मुख्यमंत्री नोनी सशक्तिकरण योजना, छात्रवृत्ति योजना आदि के तहत 65 करोड़ 16 लाख 61 हजार रुपये से अधिक राशि डीबीटी के माध्यम से अंतरित की गई है। उन्होंने कहा कि किसानों और श्रमिकों का पैसा अब सीधे उनके खातों में पहुंच रहा है। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में ई-श्रम पोर्टल से श्रमिकों को बड़ी राहत (Workers Free Health Checkup) मिली है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि अब अपंजीकृत श्रमिक की कार्यस्थल पर मृत्यु होने पर भी एक लाख रुपये की सहायता राशि मिलेगी। उन्होंने कहा कि ‘श्रमेव जयते’ वेबसाइट और हेल्पलाइन नंबर से शिकायतों का त्वरित निराकरण हो रहा है। शिक्षा पर जोर देते हुए उन्होंने ‘‘अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना’’ और श्रमिकों के बच्चों के लिए आईआईटी, जेईई, नीट एवं सीए जैसी परीक्षाओं की नि:शुल्क कोचिंग योजनाओं का उल्लेख किया। साथ ही दिल्ली में यूपीएससी की तैयारी कर रहे विद्यार्थियों के लिए ‘ट्राइबल हॉस्टल’ की सीटें 50 से बढ़ाकर 185 कर दी गई हैं (Workers Free Health Checkup)।
इस अवसर पर श्रम मंत्री लखन लाल देवांगन ने कहा कि श्रमिकों की देश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने बताया कि श्रमिक महासम्मेलन में मुख्यमंत्री द्वारा प्रदेश के 1.84 लाख श्रमिकों के खातों में 65.16 करोड़ रुपये डीबीटी से भेजे गए हैं। उन्होंने कहा कि श्रम विभाग के तीन मंडलों के माध्यम से 72 योजनाएँ (Workers Free Health Checkup) संचालित हो रही हैं, जिनका लाभ लगातार श्रमिकों तक पहुंच रहा है। हाल ही में मुख्यमंत्री ने अटल उत्कृष्ट शिक्षा योजना में चयनित बच्चों से भेंट कर घोषणा की थी कि अगले शैक्षणिक सत्र से सीटें 100 से बढ़ाकर 200 की जाएंगी।



