सीजी भास्कर, 17 दिसंबर। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित शराब घोटाले (Chhattisgarh Liquor Scam ED Action) में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने जांच को और तेज करते हुए बड़ा दावा किया है। ईडी ने अदालत से पूर्व मुख्यमंत्री के सचिवालय में उपसचिव रह चुकी सौम्या चौरसिया की तीन दिन की रिमांड मांगी है। जांच एजेंसी का कहना है कि शराब घोटाले से जुड़े 230 करोड़ रुपये से अधिक के संदिग्ध लेनदेन के ठोस साक्ष्य उनके पास मौजूद हैं।
ईडी के अनुसार, शराब घोटाले (Chhattisgarh Liquor Scam ED Action) की अवैध रकम अलग-अलग माध्यमों और नेटवर्क के जरिए सौम्या चौरसिया तक पहुंचाई गई। जांच में सामने आया है कि लक्ष्मीनारायण बंसल के माध्यम से करीब 115 करोड़ रुपये की राशि सौम्या चौरसिया तक पहुंची। वहीं तांत्रिक केके श्रीवास्तव से पूछताछ के दौरान यह खुलासा हुआ कि करीब 72 करोड़ रुपये की रकम हवाला के जरिए भेजी गई थी।
कोयला घोटाले की डायरी से भी जुड़ा शराब घोटाले का लिंक
ईडी की जांच में एक और अहम कड़ी सामने आई है। रजनीकांत तिवारी से जुड़े कोयला घोटाले की एक डायरी में सौम्या चौरसिया को शराब घोटाले से संबंधित 43 करोड़ रुपये की रकम मिलने का उल्लेख दर्ज पाया गया है। इस डायरी में शराब सिंडिकेट से जुड़े अन्य प्रभावशाली नामों का भी जिक्र है, जिनमें अनवर ढेबर और अनिल टुटेजा शामिल बताए गए हैं।
डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर हुई गिरफ्तारी
प्रवर्तन निदेशालय का कहना है कि लक्ष्मीनारायण बंसल और केके श्रीवास्तव से प्राप्त जानकारियों के अलावा कॉल डिटेल रिकॉर्ड, लेनदेन से जुड़े दस्तावेज, इलेक्ट्रॉनिक डेटा और अन्य डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर सौम्या चौरसिया की गिरफ्तारी की गई है। रिमांड आवेदन में ईडी ने इन सभी साक्ष्यों को अदालत के समक्ष प्रस्तुत किया है।
पूछताछ में खुल सकते हैं बड़े नाम
ईडी का मानना है कि रिमांड अवधि के दौरान की जाने वाली पूछताछ से शराब घोटाले (Chhattisgarh Liquor Scam ED Action) के पूरे नेटवर्क, पैसों की अंतिम मंजिल और इसमें शामिल अन्य प्रभावशाली व्यक्तियों के नाम सामने आ सकते हैं। जांच एजेंसी ने संकेत दिए हैं कि आने वाले दिनों में इस मामले में और भी गिरफ्तारियां संभव हैं।
ईडी के वकील सौरभ पांडे ने मीडिया को जानकारी देते हुए बताया कि सौम्या चौरसिया की रिमांड की मांग जांच के दौरान सामने आए तथ्यों और पुख्ता साक्ष्यों के आधार पर की गई है। उन्होंने कहा कि जांच एजेंसी अदालत के समक्ष सभी दस्तावेज और डिजिटल प्रमाण प्रस्तुत कर रही है।


