सीजी भास्कर, 7 जनवरी। अबूझमाड़ क्षेत्र में विकास की नई किरणें साफ तौर पर नजर आने लगी हैं। नारायणपुर विधायक और छत्तीसगढ़ सरकार के कैबिनेट मंत्री केदार कश्यप के निरंतर प्रयासों से अबूझमाड़ के लगभग 4000 वर्ग किलोमीटर क्षेत्र में फैले दूर-दराज और दुर्गम गांवों तक केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाएं प्रभावी रूप से पहुंच रही हैं। अबूझमाड़ क्षेत्र में योजनाओं की पहुंच (Abujhmad Development) से स्थानीय जनजीवन में सकारात्मक बदलाव आ रहा है और क्षेत्र की प्रगति को नई गति मिल रही है।
केदार कश्यप ने बताया कि अबूझमाड़ क्षेत्र प्राकृतिक सौंदर्य, जैव विविधता और समृद्ध सांस्कृतिक विरासत से परिपूर्ण है। यहां के कच्चापाल, हांदावाडा, फरसबेड़ा सहित कई जलप्रपात, झरने और नदियां पर्यटकों को आकर्षित कर रही हैं। इन स्थलों के वीडियो और फोटो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं, जिससे अबूझमाड़ पर्यटन विकास (Abujhmad Tourism Development) को लेकर सकारात्मक माहौल बन रहा है।
उन्होंने कहा कि सरकार का लक्ष्य अबूझमाड़ को एक प्रमुख पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करना है, जिससे न केवल यहां के प्राकृतिक संसाधनों का संरक्षण होगा बल्कि स्थानीय युवाओं को रोजगार के नए अवसर भी मिलेंगे। पर्यटन आधारित विकास (Abujhmad Tourism) के माध्यम से क्षेत्र की आर्थिक स्थिति को मजबूत किया जा रहा है। केंद्र की मोदी सरकार और राज्य की विष्णु देव साय सरकार के सुशासन में अबूझमाड़ जैसे दूरस्थ अंचलों में विकास के नए आयाम स्थापित हो रहे हैं।
केदार कश्यप ने यह भी कहा कि अबूझमाड़ के सुदूर इलाकों में शिक्षा, स्वास्थ्य, सड़क, स्वच्छता और बुनियादी सुविधाओं से जुड़ी योजनाएं लगातार पहुंच रही हैं। सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन (Abujhmad Development) से क्षेत्रवासियों की जीवनशैली में सुधार आया है और लोग मुख्यधारा से जुड़ रहे हैं।
उन्होंने गारपा गांव में स्थित उस प्रसिद्ध जल स्रोत का उल्लेख किया, जो शिव मंदिर के पास स्थित है और वर्ष के 365 दिन, 24 घंटे लगातार बहता रहता है। यह जल स्रोत स्थानीय लोगों की आस्था के साथ-साथ उनकी दैनिक जरूरतों का भी प्रमुख आधार है। ऐसे प्राकृतिक स्थलों का संरक्षण अबूझमाड़ पर्यटन (Abujhmad Tourism) के लिए अत्यंत आवश्यक है।
केदार कश्यप ने क्षेत्रवासियों से अपील की कि वे अपनी प्राकृतिक और सांस्कृतिक विरासत का संरक्षण करें और पर्यटन विकास में सक्रिय सहयोग दें। उन्होंने भरोसा दिलाया कि सरकार हरसंभव प्रयास करेगी ताकि अबूझमाड़ न सिर्फ छत्तीसगढ़ बल्कि पूरे देश के लिए एक उभरता हुआ पर्यटन केंद्र बन सके। अबूझमाड़ क्षेत्र का समग्र विकास (Abujhmad Development) आर्थिक, सामाजिक और सांस्कृतिक रूप से नई ऊंचाइयों को छुएगा।


