सीजी भास्कर, 17 जनवरी। घने जंगल, अचानक बदला माहौल और लगातार गूंजती गोलियों की आवाज़—शनिवार की सुबह कुछ ऐसी (Maoist Encounter Chhattisgarh) ही रही। इलाके में बढ़ती हलचल ने साफ कर दिया कि सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच आमना-सामना हो चुका है। हालात की गंभीरता को देखते हुए पूरे क्षेत्र को तुरंत अलर्ट पर रखा गया।
यह मुठभेड़ छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में स्थित नेशनल पार्क क्षेत्र के जंगलों में हुई, जहां नक्सल विरोधी अभियान पर निकली सुरक्षा टीम का सामना माओवादियों की एक सक्रिय टुकड़ी से हो गया। शुरुआती जानकारी में दो नक्सलियों के मारे जाने की पुष्टि सामने आई है, जबकि ऑपरेशन अब भी जारी बताया जा रहा है।
सूत्रों के अनुसार, मुठभेड़ स्थल के आसपास नक्सली लीडर पापाराव की मौजूदगी की भी सूचना है, हालांकि इस संबंध में आधिकारिक तौर पर कोई पुष्टि नहीं (Maoist Encounter Chhattisgarh) की गई है। कार्रवाई के दौरान मौके से एके-47 जैसे हथियार बरामद होने की जानकारी भी सामने आई है, जिससे इलाके में नक्सलियों की बड़ी मौजूदगी का संकेत मिलता है।
बताया गया कि डीआरजी (डिस्ट्रिक्ट रिजर्व गार्ड) के जवान जंगल क्षेत्र में सर्च ऑपरेशन चला रहे थे। इसी दौरान नक्सलियों ने फायरिंग शुरू कर दी, जिसके बाद सुरक्षाबलों ने मोर्चा संभालते हुए जवाबी कार्रवाई की। दोनों ओर से रुक-रुक कर गोलीबारी होती रही।
सुरक्षाबलों ने पूरे क्षेत्र की कड़ी घेराबंदी कर दी है। मारे गए नक्सलियों के शवों को बरामद करने के साथ-साथ अन्य फरार नक्सलियों की तलाश तेज (Maoist Encounter Chhattisgarh) कर दी गई है। आसपास के इलाकों में अतिरिक्त बलों को तैनात कर निगरानी बढ़ा दी गई है।
बीजापुर पुलिस की ओर से जारी सूचना में कहा गया है कि अभियान अभी संवेदनशील चरण में है, इसलिए ऑपरेशन से जुड़ी विस्तृत जानकारी फिलहाल सार्वजनिक नहीं की जा सकती। जवानों की सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए सभी जरूरी सावधानियां बरती जा रही हैं।


