सीजी भास्कर, 24 मई : छत्तीसगढ़ में सिंचाई और जल प्रबंधन (Agar Medium Reservoir Project) को मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठाया गया है। जल संसाधन विभाग ने कबीरधाम जिले के पंडरिया क्षेत्र स्थित आगर नदी पर प्रस्तावित ‘आगर मध्यम जलाशय परियोजना’ के सर्वेक्षण कार्य के लिए 3 करोड़ 40 हजार रुपये की स्वीकृति दी है।
राज्य सरकार की ओर से इस परियोजना के सर्वे कार्य को लेकर मुख्य अभियंता, महानदी गोदावरी कछार जल संसाधन विभाग रायपुर को प्रशासनिक स्वीकृति जारी कर दी गई है। माना जा रहा है कि इस परियोजना के पूरा होने से क्षेत्र में सिंचाई व्यवस्था को बड़ा लाभ मिलेगा और किसानों को जल संकट से राहत मिल सकेगी।
पंडरिया क्षेत्र को मिलेगा बड़ा फायदा
प्रस्तावित जलाशय परियोजना के जरिए आगर नदी के जल का बेहतर उपयोग किया जाएगा। इससे खेती के लिए पर्याप्त पानी उपलब्ध कराने के साथ-साथ क्षेत्रीय विकास को भी गति मिलने की उम्मीद है। जल संसाधन विभाग अब सर्वेक्षण के जरिए परियोजना की तकनीकी और भौगोलिक संभावनाओं का अध्ययन करेगा।
सरकार का मानना है कि जलाशय निर्माण (Agar Medium Reservoir Project) से भविष्य में सिंचाई क्षमता बढ़ेगी, भू-जल स्तर में सुधार होगा और ग्रामीण क्षेत्रों में कृषि आधारित अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
सर्वे के बाद आगे बढ़ेगा प्रोजेक्ट
विभागीय अधिकारियों के अनुसार सर्वेक्षण रिपोर्ट तैयार होने के बाद परियोजना की विस्तृत कार्ययोजना बनाई जाएगी। इसके बाद निर्माण कार्य की दिशा में आगे की प्रक्रिया शुरू होगी।
कबीरधाम जिले के किसानों और ग्रामीणों को इस परियोजना से बड़ी उम्मीदें हैं। क्षेत्र में लंबे समय से स्थायी सिंचाई व्यवस्था की मांग उठती रही है। अब आगर नदी पर मध्यम जलाशय परियोजना को लेकर प्रशासनिक स्वीकृति मिलने से विकास की नई उम्मीद जगी है।
Agar Medium Reservoir Project से संभावित फायदे
किसानों को सिंचाई के लिए पर्याप्त पानी
भू-जल स्तर में सुधार की संभावना
कृषि उत्पादन को मिलेगा बढ़ावा
ग्रामीण क्षेत्रों में जल संकट होगा कम
क्षेत्रीय विकास और रोजगार को मिलेगी गति



