Bhopal Voter Verification Drive : भोपाल जिले में मतदाता सूची को अपडेट और सटीक बनाने के लिए विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान तेज कर दिया गया है। सोमवार और मंगलवार को कुल 2 लाख 7 हजार 378 मतदाताओं का घर-घर जाकर सत्यापन किया जा रहा है। ये वे नाम हैं, जिनके गणना पत्रक पहले चरण में अनकलेक्टेबल की श्रेणी में रखे गए थे।
6 विधानसभा, 554 मतदान केंद्र, 500 से ज्यादा कर्मचारी तैनात
इस अभियान के तहत भोपाल की छह विधानसभा क्षेत्रों के 554 मतदान केंद्रों पर 500 से अधिक अधिकारी-कर्मचारी मैदान में उतारे गए हैं। टीमों को स्पष्ट निर्देश दिए गए हैं कि हर पते की भौतिक जांच की जाए, ताकि यह तय हो सके कि संबंधित मतदाता वर्तमान पते पर निवास कर रहा है या नहीं।
कलेक्टर खुद पहुंचे मतदान केंद्र
मध्य विधानसभा क्षेत्र के मतदान केंद्र क्रमांक 150 पर खुद कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी ने मोर्चा संभाला। यहां 92 अनकलेक्टेबल गणना पत्रकों की व्यक्तिगत जांच की गई। अधिकारियों का कहना है कि इस प्रक्रिया से वास्तविक मतदाताओं के नाम सूची से हटने की आशंका को रोका जा सकेगा।
वरिष्ठ अधिकारी भी फील्ड में उतरे
सत्यापन अभियान को गंभीरता देने के लिए वरिष्ठ अधिकारियों की भी सीधी भागीदारी तय की गई है। नरेला विधानसभा क्षेत्र में नगर निगम आयुक्त स्वयं जांच कर रहे हैं, वहीं गोविंदपुरा क्षेत्र में जिला पंचायत सीईओ घर-घर जाकर सत्यापन प्रक्रिया की निगरानी कर रही हैं। इसके अलावा अपर कलेक्टर, संयुक्त कलेक्टर और डिप्टी कलेक्टर भी अलग-अलग क्षेत्रों में तैनात हैं।
21 लाख से ज्यादा गणना पत्रक पहले ही जमा
जिला निर्वाचन अधिकारी के अनुसार जिले की सात विधानसभा क्षेत्रों में अब तक 21 लाख से अधिक गणना पत्रक एकत्र किए जा चुके हैं। इनमें से बड़ी संख्या ऐसे पत्रकों की है, जिन्हें प्रारंभिक जांच में अनकलेक्टेबल माना गया था। इन्हीं मामलों की दोबारा पुष्टि के लिए यह विशेष अभियान चलाया जा रहा है।
ASDR श्रेणी पर खास फोकस
अनकलेक्टेबल पाए गए गणना पत्रकों को ASDR श्रेणी में रखा गया है, जिसमें अनुपस्थित, स्थानांतरित, मृत या एक से अधिक स्थानों पर दर्ज मतदाताओं के नाम शामिल हैं। प्रशासन का कहना है कि इस सघन प्रक्रिया से मतदाता सूची अधिक पारदर्शी, अद्यतन और भरोसेमंद बनेगी।


