सीजी भास्कर, 22 मई : भिलाई नगर निगम में प्रशासनिक कारणों से बड़ा फेरबदल किया गया है। नगर निगम प्रशासन ने कार्य विभाजन आदेश में आंशिक संशोधन करते हुए 6 वरिष्ठ अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी हैं। जारी आदेश के अनुसार यह व्यवस्था आगामी आदेश तक प्रभावी रहेगी। Chhattisgarh Transfer News के तहत हुए इस बदलाव को निगम प्रशासनिक व्यवस्था में बड़ा निर्णय माना जा रहा है।
- अजीत कुमार तिग्गा बने प्रभारी मुख्य अभियंता
- विकास योजनाओं की मॉनिटरिंग पर रहेगा फोकस
- जनकल्याणकारी योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन का दावा
- वेशराम सिन्हा को जोन-1, 2 और 3 का प्रभार
- दिनेश कोसरिया को जोन-1 और कई अहम जिम्मेदारियां
- नरेंद्र बंजारे को कई विभागों का अतिरिक्त प्रभार
- तकनीकी और विकास कार्यों की जिम्मेदारी भी बदली
- खेल और शहरी प्रबंधन पर भी फोकस
- वैशाली नगर जोन में भी बदलाव
नगर निगम प्रशासन का कहना है कि इस फेरबदल का मुख्य उद्देश्य विकास कार्यों की गति बढ़ाना, योजनाओं की निगरानी मजबूत करना और जनकल्याणकारी कार्यों का बेहतर क्रियान्वयन सुनिश्चित करना है। अधिकारियों के बीच कार्यों का पुनर्विभाजन कर विभिन्न विभागों में समन्वय बढ़ाने की कोशिश की गई है, ताकि शहरी विकास परियोजनाओं को समयसीमा में पूरा किया जा सके।
अजीत कुमार तिग्गा बने प्रभारी मुख्य अभियंता
अधीक्षण अभियंता अजीत कुमार तिग्गा को प्रभारी मुख्य अभियंता की जिम्मेदारी सौंपी गई है। उन्हें 2 करोड़ रुपये से अधिक लागत वाले सभी विकास कार्यों के निरीक्षण और मॉनिटरिंग की जिम्मेदारी दी गई है। इसके साथ ही उन्हें जोन-4 और जोन-5 का नोडल अधिकारी भी बनाया गया है।
नए आदेश के तहत अजीत कुमार तिग्गा को पीएम आवास योजना, मुख्यमंत्री जेनेरिक मेडिकल स्टोर, जलशक्ति अभियान, “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान, लोक सेवा गारंटी, विद्युत प्रकाश व्यवस्था, वित्त आयोग से जुड़े कार्य, सिटी डेवलपमेंट प्लान और नगरोत्थान योजना सहित लगभग 25 महत्वपूर्ण दायित्व सौंपे गए हैं। Chhattisgarh Transfer News में यह नियुक्ति सबसे अहम मानी जा रही है।
विकास योजनाओं की मॉनिटरिंग पर रहेगा फोकस
नगर निगम प्रशासन के अनुसार अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपने का उद्देश्य विकास योजनाओं की मॉनिटरिंग को अधिक प्रभावी बनाना है। निगम क्षेत्र में चल रहे अधोसंरचना विकास, सड़क निर्माण, जल व्यवस्था, आवास और शहरी सुविधाओं से जुड़े कार्यों की प्रगति पर विशेष नजर रखी जाएगी।
प्रशासन का मानना है कि नए कार्य विभाजन से अधिकारियों की जवाबदेही बढ़ेगी और विभिन्न योजनाओं का क्रियान्वयन अधिक पारदर्शी तरीके से हो सकेगा। निगम के वरिष्ठ अधिकारियों को अलग-अलग विभागों की जिम्मेदारी देकर कार्यों में तेजी लाने की तैयारी की गई है।
जनकल्याणकारी योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन का दावा
नगर निगम प्रशासन ने कहा है कि यह बदलाव पूरी तरह प्रशासनिक आवश्यकता और कार्यकुशलता को ध्यान में रखते हुए किया गया है। शहर में संचालित जनकल्याणकारी योजनाओं और विकास परियोजनाओं को समय पर पूरा करने के लिए अधिकारियों के दायित्वों में संशोधन किया गया है।
अधिकारियों को निर्देश दिए गए हैं कि वे अपने-अपने विभागों में लंबित कार्यों की समीक्षा कर प्राथमिकता के आधार पर उन्हें पूरा करें। Chhattisgarh Transfer News के बाद निगम प्रशासन में नई कार्यशैली और बेहतर समन्वय की उम्मीद जताई जा रही है।
वेशराम सिन्हा को जोन-1, 2 और 3 का प्रभार
कार्यपालन अभियंता वेशराम सिन्हा को प्रभारी अधीक्षण अभियंता बनाया गया है। उन्हें जोन-1, जोन-2 और जोन-3 का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। इसके साथ ही उन्हें कंप्यूटर शाखा, जन स्वास्थ्य विभाग, उद्यान विभाग, भवन संधारण, सेंट्रल स्टोर, विद्युत प्रकाश व्यवस्था, वाहन शाखा, स्टेशनरी निविदा और जनसूचना अधिकारी का भी दायित्व सौंपा गया है। वे “एक पेड़ माँ के नाम” अभियान के सहायक नोडल अधिकारी भी बनाए गए हैं।
दिनेश कोसरिया को जोन-1 और कई अहम जिम्मेदारियां
उपायुक्त दिनेश कोसरिया को जोन-1 (नेहरू नगर) के जोन आयुक्त के साथ-साथ राजस्व विभाग और संपदा विभाग की जिम्मेदारी दी गई है। उन्हें जनगणना, शासकीय भूमि पर अतिक्रमण रोकने, ईडब्ल्यूएस भूमि संरक्षण, अवैध प्लाटिंग पर कार्रवाई और आवास-गुमटी शाखा के नोडल अधिकारी का दायित्व भी सौंपा गया है।
नरेंद्र बंजारे को कई विभागों का अतिरिक्त प्रभार
उपायुक्त नरेंद्र बंजारे को विधि शाखा, स्थापना शाखा, खाद्य शाखा, विभागीय जांच अधिकारी, निर्वाचन कार्य, महिला-बाल विकास, पेंशन शाखा, समाज कल्याण विभाग, आदिम जाति विकास और पीएम आवास आवंटन अनुबंध के प्राधिकृत अधिकारी का जिम्मा दिया गया है।
तकनीकी और विकास कार्यों की जिम्मेदारी भी बदली
सहायक अभियंता अजय गौर को प्रभारी भवन अधिकारी बनाया गया है। उन्हें 77/66 एमएलडी वाटर ट्रीटमेंट प्लांट, रेन वाटर हार्वेस्टिंग और एनर्जी ऑडिट का सहायक नोडल अधिकारी भी बनाया गया है। इसके साथ ही उन्हें विधानसभा प्रश्नों के उत्तर से जुड़े कार्यों की जिम्मेदारी भी दी गई है।
खेल और शहरी प्रबंधन पर भी फोकस
सहायक अभियंता अरविंद शर्मा को प्रभारी कार्यपालन अभियंता (जोन वैशाली नगर) का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। उन्हें निगम क्षेत्र की सभी खेल संरचनाओं के बेहतर प्रबंधन और संचालन का नोडल अधिकारी बनाया गया है।
वैशाली नगर जोन में भी बदलाव
जोन आयुक्त येशा को जोन-2 (वैशाली नगर) के साथ-साथ जोन-5 (सेक्टर-6) का अतिरिक्त प्रभार दिया गया है। उन्हें अतिक्रमण रोकने, शासकीय संपत्तियों का डेटाबेस तैयार करने और निगम आय बढ़ाने की जिम्मेदारी भी सौंपी गई है।



