सीजी भास्कर, 02 अक्टूबर। दिव्यांगजनों के लिए टोल यात्रा से जुड़े फास्टैग नियमों में बदलाव किया (FASTag Update) गया है। नए नियम 1 अक्टूबर से लागू हो गए हैं। अब पात्र दिव्यांग लोगों को हर साल छूट वाले फास्टैग का नवीनीकरण कराने की जरूरत नहीं होगी।
नई व्यवस्था में फास्टैग की वैधता दिव्यांगता के प्रतिशत के आधार पर तय की जाएगी। इससे बार-बार होने वाली कागजी प्रक्रिया से राहत मिलने की उम्मीद है।

यह भी पढ़ें…Service Campaign : अहिवारा में सेवा संकल्प अभियान, सफाई के साथ 250 से ज्यादा पौधे लगाए
5 साल तक वैध रहेगा फास्टैग FASTag Update
70 से 100 प्रतिशत दिव्यांगता वाले पात्र लोगों के लिए छूट वाला फास्टैग 5 साल तक वैध रहेगा। वहीं 40 प्रतिशत से ज्यादा और 70 प्रतिशत से कम दिव्यांगता वाले पात्र लोगों के लिए इसकी वैधता 3 साल तय की गई है।
वैधता खत्म होने के बाद ही पात्र व्यक्ति को जरूरी दस्तावेजों के साथ दोबारा आवेदन करना होगा। आवेदन ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से किया जा सकेगा।
यह भी पढ़ें…Birthday Celebration : जन्मदिन पर बच्चों को बांटी कॉपी-पेन, शिक्षा के लिए समर्पित किया खास दिन
इन दस्तावेजों की होगी जरूरत
टोल छूट के लिए वैध दिव्यांगता प्रमाण पत्र और जरूरी वाहन दस्तावेज होना अनिवार्य है। वाहन का पंजीकरण दिव्यांग व्यक्ति के नाम पर होना चाहिए या वाहन उनके उपयोग के लिए विशेष रूप से पंजीकृत होना जरूरी है।
नई व्यवस्था का उद्देश्य टोल प्लाजा पर बार-बार होने वाली कागजी कार्रवाई को कम करना और पात्र दिव्यांगजनों के लिए हाईवे यात्रा को आसान बनाना है।
खबरें और भी हैं…Chhattisgarh Coal Scam : देवेंद्र यादव को ईओडब्ल्यू का नोटिस, 5 अक्टूबर को विशेष अदालत में पेश होने के निर्देश



